वास्तु शास्त्र: मेनडोर के पास लगाई है गणेश जी की मूर्ति तो हो जाएं सावधान, घर में हो सकता है ये नुकसान
Vastu Tips for Main Door: आम तौर पर लोग घर के मेनडोर के पास भगवान गणेश की मूर्ति रखते हैं। हालांकि बहुत से लोगों को नहीं पता है कि वास्तु के हिसाब से ये सही भी है या नहीं?

Vastu Tips for Maindoor: वास्तु शास्त्र के हिसाब से अगर कोई चीज सही दिशा में नहीं रखी जाए तो उसकी एनर्जी हमारी जिंदगी पर गलत प्रभाव छोड़ सकती है। वास्तु शास्त्र में सिर्फ घर और कमरों की दिशा से जुड़ी चीजें नहीं है। इस शास्त्र में घर में मौजूद हर एक चीज की प्लेसमेंट का महत्व बताया गया है। अगर कोई चीज सही दिशा में नहीं रखी है तो उसे तुरंत सही करना जरूरी है क्योंकि कई बार ये चीजें घर का वास्तु बुरी तरह से बिगाड़ती हैं। साथ ही इन चीजों के चलते हमारी हेल्थ और फाइनेंशियल स्थिति पर भी गलत प्रभाव पड़ता है। आज बात करेंगे मेनडोर से जुड़ी चीजों के बारे में।
मेनडोर की सजावट
हर कोई चाहता है कि उसके घर का मेनडोर वाला हिस्सा सुंदर दिखे। दरअसल यही वो जगह होती है जहां से कोई अंदर या घर के बाहर जाता है। ऐसे में इसका डेकॉर लोग काफी सोच-समझकर करते हैं। आमतौर पर लोग घर के बाहर भगवान गणेश की मूर्ति रख देते हैं लेकिन क्या वास्तु के हिसाब से ऐसा करना सही है नहीं? इस बारे में कम ही लोग ही जानते हैं।
मूर्ति रखना सही या गलत?
बहुत से लोग ऐसे होते हैं जो बाहर की और गणेश जी की मूर्ति रख देते हैं लेकिन वास्तु के हिसाब से ऐसा करना सही नहीं है। दरअसल हिंदू धर्म में माना जाता है कि गणेश भगवान की पीठ में दरिद्रता और आगे की ओर रिद्धी सिद्धी का वास होता है। तो ऐसे में जब हम उनकी मूर्ति को बाहर की रखते हैं तो उनकी पीठ की दिशा हमारे घर की ओर होती है। ऐसे में साफ है कि दरिद्रता घर की ओर आ रही है। ऐसी स्थिति में घर में सचमुच ऐसी ही हालत होने लगती है। तो ऐसा करने से बचना चाहिए क्योंकि देर-सवेर इसका प्रभाव घर पर पड़ने ही लगता है।
ये है एकमात्र उपाय
अगर आप घर के बाहर गणेश की मूर्ति या फिर तस्वीर रखना ही चाहते है तो इसके लिए एक ही उपाय है। इस नियम के हिसाब से अगर आप चलेंगे तो चीजें आपके फेवर में ही रहेंगी। आप इन्हें ऐसी दिशा में रखें की गणेश की तस्वीर या फिर मूर्ति का पिछला हिस्सा घर की ओर ना हो। ऐसी स्थिति में इसे मेनडोर के पास रखा जा सकता है। वहीं कोशिश करें कि समय-समय पर ये मूर्ति या तस्वीर साफ भी होती रहे क्योंकि गंदी पड़ी हुई चीजों की एनर्जी खराब होती जाती है।
मेनडोर पर जरूर लगाएं ये चीज
मेनडोर के पास वैसे तो कई चीजें रखी जा सकती हैं। इनके माध्यम से घर में अच्छी एनर्जी आती है और साथ ही नेगेटिव एनर्जी रूकती है। वास्तु के हिसाब से घर के मेनडोर में बंदनवार जरूर लगा होना चाहिए। बंदनवार की एनर्जी से घर में खुशहाली आती है। हालांकि इसे समय-समय पर बदलना भी जरूरी है। शास्त्र के हिसाब से आम और अशोक के पत्तों का बंदनवार घर के लिए बेस्ट होता है।
डिस्क्लेमर- (इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।)
लेखक के बारे में
Garima Singhशॉर्ट बायो
गरिमा सिंह एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में कार्यरत हैं। वह वास्तु, न्यूमरोलॉजी, फेंगशुई और राशिफल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं।
परिचय और अनुभव
गरिमा सिंह डिजिटल मीडिया में लंबे समय से सक्रिय हैं। वह पिछले 8 महीनों से लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अपने करियर में न्यूज, फीचर और एक्सप्लेनर कंटेंट पर काम किया है। अब वह ज्योतिष से जुड़े विषयों को सरल और व्यावहारिक तरीके से पाठकों तक पहुंचाती हैं। उनके आर्टिकल की खास बात ये है कि वह जटिल ज्योतिषीय बातों को आसान भाषा में समझाने की पूरी कोशिश करती हैं ताकि जिसे एस्ट्रोलॉजी का ए भी नहीं पता है वह भी आसान तरीके से चीजों को समझ सके और उस पर अमल कर सके।
करियर
गरिमा ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत रेडियो चैनल रेड एफएम से की। यहां पर उन्होंने रेडियो से जुड़ी बारिकियों को समझने की कोशिश की और मॉर्निंग शो को प्रोड्यूस करने के साथ-साथ कॉपी राइटिंग का भी काम संभाला। साथ में कई विज्ञापनों में वॉइस ओवर भी दिया। इसके अलावा उन्होंने डीडी न्यूज, जी न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में डिजिटल और टीवी पत्रकारिता को करीब से जाना और समझा। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का यह अनुभव आज उनके डिजिटल राइटिंग और स्टोरीटेलिंग के तरीके को और भी प्रभावशाली बनाता है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
गरिमा ने साइकोलॉजी, इकोनॉमिक्स और इंग्लिश विषयों में बैचलर ऑफ आर्ट्स (B.A.) की डिग्री प्राप्त की है। इसके बाद उन्होंने इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन दिल्ली और जामिया मिलिया इस्लामिया से टीवी और रेडियो पत्रकारिता की पढ़ाई की है। इस दौरान उन्होंने इंटर्नशिप भी की। वह जामिया मिलिया इस्लामिया की गोल्ड मेडलिस्ट भी रह चुकी हैं।
एस्ट्रोलॉजी लेखन की सोच
गरिमा का मानना है कि ज्योतिष का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को सही दिशा और सकारात्मक सोच देना होना चाहिए। उनका फोकस होता है- सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट। वह शिव पुराण और कई और शास्त्रों की जटिल कथाओं को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। गरिमा वास्तु शास्त्र और न्यूमरोलॉजी के अलावा फेंगशुई की किताबें पढ़ती रहती हैं और वहां की उपयोगी जानकारियों को पाठकों के साथ समय-समय पर साझा करती हैं।
व्यक्तिगत रुचियां
काम के अलावा गरिमा को गार्डनिंग, कुकिंग और टेबल टेनिस खेलना पसंद है। वह कानपुर से ताल्लुक रखती हैं और एक संतुलित जीवनशैली में विश्वास करती हैं।
विशेषज्ञता
वास्तु शास्त्र, न्यूमरोलॉजी, फेंगशुई, डेली और वीकली राशिफल
और पढ़ें

