
सूर्य जाएंगे वृश्चिक राशि में, तीन ग्रहों की तिगड़ी, कौन सी राशियां पाएंगी लाभ
सूर्य देव यानी ग्रहों के राजा 16 नवंबर को वृश्चिक राशि में जाएंगे। अभी सूर्य तुला राशि में हैं। आपको बता दें कि वृश्चिक राशि मंगल की राशि है। इस राशि में पहले से ही मंगल, बुध बैठे हैं, अब सूर्य भी इस राशि में आएंगे और 15 दिसंबर 2025 तक रहेंगे।
सूर्य देव यानी ग्रहों के राजा 16 नवंबर को वृश्चिक राशि में जाएंगे। अभी सूर्य तुला राशि में हैं। आपको बता दें कि वृश्चिक राशि मंगल की राशि है। इस राशि में पहले से ही मंगल, बुध बैठे हैं, अब सूर्य भी इस राशि में आएंगे और 15 दिसंबर 2025 तक रहेंगे। सूर्य की यह संक्रांति कई राशियों के लिए भाग्योदय का कारणबनेंगी और कई राशियों को लाभ दिलाएगी। इसी बीच 15 दिसंबर से 13 जनवरी 2026 तक सूर्य धनु की संक्रांति में संचरण करेंगे। धनु की संक्रांति में ही पौष मास होता है। इस अवधि में वैवाहिक मुहूर्त, गृह प्रवेश आदि मुहूर्त नहीं होते। इसके बाद फरवरी और मार्च में विवाह के लिए शुभ मुहूर्त हैं।
सूर्य गोचर का राशियों पर असर
मिथुन राशि वालों को सरकारी ,लाभ, हेल्थ आदि में सूर्य लाभ दिलाएंगे। कन्या राशि वालों के काम पूरे होंगे, सफलता हासिल होगी। तुला वालों की कोई नईडील सक्सेसफुल होगी और आगे लाभ कराएगी। वृश्चिक राशि के लोगों की इनकम बढ़ेगी। हेल्थ में सुधार होगा। मकर राशि वालों को लाभ के योग हैं। कुंभ राशि को प्रोफेशनल लाइफ में लाभ, समाज में सम्मान मिलेगा। मीन राशि वालों का भाग्य साथ देगा।
विवाह के शुभ मुहूर्त सूर्य के वृश्चिक राशि में आने पर
चार माह से चतुर्मास चल रहा था। अब सूर्य तुला राशि में हैं, जो 16 नवंबर को वृश्चिक राशि में पहुंच जाएंगे। आपको बता दें कि तुला राशि में होने पर तुला संक्रांति दोष होता है, इसलिए देवो के उठने के बाद भी इस दोष में विवाह नहीं किए जाते हैं, विवाह के लिए मुहूर्त तभी शुरू होते हैं जब सूर्य वृश्चिक राशि में होते हैं। 16 नवंबर को 01:38 बजे से सूर्य वृश्चिक राशि में संचरण करेंगे। 16 नवंबर से विवाह मुहूर्त आरंभ होंगे जो 13 दिसंबर तक चलेंगे। उन्होंने कहा कि नवंबर माह में 18, 22, 23, 24, 25 ,26, 27 ,29, 30 नवंबर को विवाह के शुभ मुहूर्त हैं। वहीं दिसंबर में केवल 4, 10 और 11 दिसंबर को विवाह के लिए शुभ मुहूर्त हैं। इसके बाद 45 दिन तक विवाह के मुहूर्त नहीं हैं क्योंकि 14 दिसंबर को शुक्र अस्त हो जाएंगे। 47 दिन के बाद 30 जनवरी 2026 को उदय होंगे।
डिस्क्लेमर- (इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।)





