ट्रेंडिंग न्यूज़

Hindi News AstrologyVivah Panchami Correct Date vivah panchami 2023 shubh muhurat poojavidhi and significance

Vivah Panchami Date: विवाह पंचमी कब है? जानें सही डेट, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजाविधि

Vivah Panchami Correct Date : सनातन धर्म में विवाह पंचमी का बड़ा महत्व है। इस दिन को माता सीता और भगवान राम के विवाह के वर्षगांठ के रूप में मनाया जाता है। आइए जानते हैं विवाह पंचमी का मुहूर्त...

Vivah Panchami Date: विवाह पंचमी कब है? जानें सही डेट, शुभ मुहूर्त, महत्व और पूजाविधि
Arti Tripathiलाइव हिन्दुस्तान,नई दिल्लीSun, 03 Dec 2023 07:31 PM
ऐप पर पढ़ें

Vivah Panchami 2023 Date : हिंदू धर्म में हर साल मार्गशीर्ष माह शुक्ल पक्ष की पंचमी तिथि को विवाह पंचमी मनाई जाती है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन भगवान राम का माता सीता से विवाह हुआ था। इसलिए हर साल विवाह पंचमी के रूप में भगवान राम और माता सीता के विवाह का वर्षगांठ मनाया जाता है। इस साल 17 दिसंबर 2023 को विवाह पंचमी है। सनातन धर्म में विवाह पंचमी का बड़ा महत्व है। इस दिन मंदिर में भव्य कार्यक्रमों का आयोजन होता हौ और माता सीता और श्रीराम भगवान की पूजा-उपासना की जाती है। आइए जानते हैं कि विवाह पंचमी का शुभ मुहूर्त और महत्व...

विवाह पंचमी का मुहूर्त : इस साल विवाह पंचमी की शुरुआत 16 दिसंबर को शाम 8 बजे से होगी और 17 दिसंबर को शाम 5 बजकर 33 मिनट पर समाप्त होगी। ऐसे में इस साल उदयातिथि के अनुसार, 17 दिसंबर को विवाह पंचमी मनाई जाएगी।

क्यों खास है विवाह पंचमी ? 

विवाह पंचमी के दिन माता सीता और भगवान श्रीराम का विवाह हुआ था। हिंदू धर्म में राम-सीता की जोड़ी को आदर्शतम जोड़ी माना जाता है। इस दिन माता सीता और भगवान राम की विधिवत पूजा करना बेहद शुभ होता है। मान्यता है कि इससे वैवाहिक जीवन की दिक्कतें दूर होती हैं, लेकिन विवाह पंचमी के दिन शादी-विवाह का आयोजन करना शुभ नहीं माना जाता है। मान्यता है कि विवाह के बाद माता सीता और भगवान राम को जीवन में कई कष्टों का सामना करना पड़ा। उन्हें 14 वर्ष का वनवास जाना पड़ा। इसके साथ ही माता सीता को अग्नि परीक्षा भी देना पड़ा। इसी कारण से विवाह पंचमी के दिन शादी-विवाह के आयोजन की मनाही होती है।

विवाह पंचमी की पूजाविधि 

-विवाह पंचमी के दिन सुबह जल्दी उठें।
-एक चौकी पर पीला कपड़ा बिछाएं।
-भगवान राम और माता सीता की प्रतिमा स्थापित करें।
-इसके बाद विधिविधान से पूजा करें। उन्हें माला पहनाएं।
-कुंवारी कन्याएं 'ऊँ जानकी वल्लभाय नमः' मंत्र का जाप करें।
-मान्यता है कि इस मंत्र के जाप से सुयोग्य वर की प्राप्ति होती है।

विवाह पंचमी के दिन ना करें ये काम 

-विवाह पंचमी के दिन मांगलिक कार्यों के आयोजन से बचना चाहिए।
-इस दिन सात्विक भोजन का सेवन करें और मांस-मदिरा का सेवन ना करें।

डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य है और सटीक है। इन्हें अपनाने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।
 

हिन्दुस्तान का वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें