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3 मार्च, 2021|3:45|IST

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Shardiya Navratri 2020: आज है महासप्तमी, कल है अष्टमी, जानें कन्या पूजन का शुभ मुहूर्त

fatima worshipped as durga during kumari puja fatehpur sikri agra

मां दुर्गा का नौ दिनों का पावन पर्व कन्या पूजन के साथ ही समाप्त होता है। कुछ लोग अष्टमी को तो कुछ लोग अपने नवमी को अपनी परंपराओं के अनुसार कन्या पूजन करते हैं। ऐसे में मां कन्या पूजन को शुभ मुहूर्त में सही विधि विधान से किया जाना चाहिए। इस बार अष्टमी और नवमी तिथि को लेकर सभी कंफ्यूज हैं ,तो हम आपको बता दें कि शुक्रवार को सप्तमी का व्रत है, जो लोग अष्टमी को कन्या पूजन करते हैं, वे लोग सप्तमी शुक्रवार को व्रत रखेंगे और शनिवार को अष्टमी का कन्या पूजन करेंगे। इसके अलावा जो लोग नवमी को कन्या पूजन करते हैं, वे लोग शनिवार को अष्टमी का व्रत रखेंगे और रविवार को कन्या पूजन करेंगे। 

Navratri कन्या पूजन अष्टमी Ashtami Kanya Puja shubh Muhurta

अष्टमी  कन्या पूजा : 24 अक्टूबर दिन शनिवार सुबह 06 बजकर 58 मिनट तक 

Navratri कन्या पूजन नवमी Navami Kanya Puja shubh Muhurta

नवमी कन्या पूजा : 25 अक्टूबर दिन रविवार सुबह 7:41बजे  तक

कन्या पूजन विधि Kanya Puja Vidhi

इस बार किसी भी नवरात्रि व्रत का क्षय नहीं हुआ है। नवरात्रि के नौ दिनों के व्रत हैं। इस बार दशहरा और नवमी एक ही दिन हैं। कन्या पूजन के लिए नौ कन्याओं का पूजन किया जाता है। इनके लिए हलवा पूड़ी और चने प्रसाद के रूप में बनाए जाे हैं। इसके साथ ही कन्याओं को नारियल, फल और दक्षिणा और कहीं, कहीं चूड़िया और बिंदी भी दी जाती है। कन्याओं को सबसे पहले एक साथ बैठाकर उनके पैर एक थाली में धोए जाते हैं। इसके बाद उन्हें कलावा बांधकर तिलक लगाया जाता है, फिर भरपेट भोजन कराया जाता है। 

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  • Web Title:Shardiya Navratri 2020 this is Ashtami and Navami date Kanya Puja shubh Muhurta