Kullu Dussehra 2021 : हिमाचल प्रदेश का प्रसिद्ध अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा 15 अक्तूबर से, सभी 300 देवी-देवता को दिया जाएगा बुलावा

Yogesh Joshi एजेंसी, शिमला
Follow us on Google News
share

Kullu Dussehra 2021 :  हिमाचल प्रदेश का प्रसिद्ध अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा 15 अक्तूबर से शुरू होने जा रहा है।  सात दिन तक चलने वाले इस देव महाकुंभ में इस बार सभी 3०० देवी-देवता को बुलावा...

Kullu Dussehra 2021 : हिमाचल प्रदेश का प्रसिद्ध अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा 15 अक्तूबर से, सभी 300 देवी-देवता को दिया जाएगा बुलावा

Kullu Dussehra 2021 :  हिमाचल प्रदेश का प्रसिद्ध अंतरराष्ट्रीय कुल्लू दशहरा 15 अक्तूबर से शुरू होने जा रहा है।  सात दिन तक चलने वाले इस देव महाकुंभ में इस बार सभी 3०० देवी-देवता को बुलावा दिया जाएगा। इस महोत्सव में भगवान रघुनाथ की भव्य रथयात्रा भी होगी और नरसिंह देव की जलेब भी निकलेगी। यह जानकारी उपायुक्त कुल्लू एवं दशहरा उत्सव समिति कुल्लू के उपाध्यक्ष आशुतोष गर्ग ने दी।

उन्होंने बताया कि बीते साल मात्र सात देवी-देवताओं को ही बुलाया था, जबकि एक दर्जन पहुंचे थे। दशहरे के लिए कुछ शर्तों के साथ सभी देवी-देवताओं को निमंत्रण दिया जाएगा। इसमें देवरथों के साथ मुख्य कारकून और बजंतरी ही शामिल होंगे।  बीते साल की तरह इस बार भी न तो लाल चंद प्राथीर् कलाकेंद्र में सांस्कृतिक कार्यक्रम होंगे और न व्यापारियों के लिए मेला बाजार सजेगा।

आने वाले 23 दिनों तक इन राशियों पर रहेंगी मां लक्ष्मी मेहरबान, सुख- समृद्धि में होगी वृद्धि

उल्लेखनीय है कि गत वर्ष दशहरा उत्सव के दौरान कोरोना की पहली लहर चरम पर थी। ऐसे में दशहरा उत्सव कमेटी ने मात्र सात देवी-देवताओं को निमंत्रण दिया था। इसके बावजूद उत्सव में भगवान रघुनाथ, बिजली महादेव, देवी हिडिंबा सहित एक दर्जन से अधिक देवी-देवता शामिल हुए थे।

कोरोना काल में पिछले साल देवता शृंगा ऋषि, देवता खुडीजल और ब्यास ऋषि समेत आनी, बंजार और निरमंड घाटी के सौ से ज्यादा देवता शामिल नहीं हो पाए थे। इस दौरान उत्सव में देवी-देवताओं को न बुलाने पर दशहरे में आई देवी हिडिंबा के साथ देवता हलाण के धूमल नाग, सोयल की माता कोटली, डमचीण के वीरनाथ और फलाणी नारायण ने कड़ी नाराजगी जताई थी। इसके बाद भगवान रघुनाथ के दरबार में छोटी और नग्गर में बड़ी जगती का आयोजन किया गया था। देवी-देवताओं को न बुलाने पर कुल्लू का देव समाज भी दो धड़ों में बंट गया था। 

17 सितंबर तक ये राशि वाले कमाएंगे खूब धन- दौलत, सूर्य देव की बरसेगी विशेष कृपा

ज्ञातव्य है कि कुल्लू दशहरा दुनिया भर में प्रसिद्ध है। दशहरे में कई देशों के शोधकर्चा भाग लेते हैं। व्यापार के लिहाज से भी उत्तर भारत का यह सबसे बड़ा मेला है। इसमें देशभर से करीब पांच हजार व्यापारी शामिल होते हैं।

Yogesh Joshi

लेखक के बारे में

Yogesh Joshi

योगेश जोशी डिजिटल पत्रकारिता में 8 वर्षों से सक्रिय हैं और वर्तमान में लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में सीनियर कंटेंट प्रोड्यूसर के रूप में कार्यरत हैं। ज्योतिष और धार्मिक विषयों पर उनका लेखन पाठक-केंद्रित और व्यावहारिक दृष्टिकोण के लिए जाना जाता है। राशिफल, ग्रह-गोचर, दशा-महादशा, अंकज्योतिष, सामुद्रिक शास्त्र, वास्तु, फेंगशुई और पूजा-विधि जैसे विषय उनके काम का प्रमुख हिस्सा हैं।


परिचय और अनुभव


योगेश जोशी ने डिजिटल मीडिया में काम करते हुए खबर और कंटेंट के बदलते स्वरूप को नजदीक से समझा है। पत्रकारिता में 8 वर्षों के अनुभव के साथ वह फिलहाल लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में सीनियर कंटेंट प्रोड्यूसर की भूमिका निभा रहे हैं।


न्यूज़ और फीचर कंटेंट से शुरू हुआ उनका सफर आज ज्योतिष और धार्मिक विषयों तक पहुंच चुका है, जहां वह पारंपरिक ज्ञान को मौजूदा समय और डिजिटल पाठक की जरूरतों के हिसाब से प्रस्तुत करते हैं। उनका फोकस हमेशा इस बात पर रहता है कि कंटेंट जानकारी दे, उलझाए नहीं।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि


योगेश जोशी ने मास कम्युनिकेशन में स्नातक की पढ़ाई की है। पत्रकारिता की इस पढ़ाई ने उन्हें तथ्यों के साथ जिम्मेदारी और संतुलन बनाए रखने की समझ दी, जो उनके लेखन में साफ झलकती है।


करियर की शुरुआत और प्रोफेशनल सफर


योगेश ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत अमर उजाला के डिजिटल प्लेटफॉर्म से की। यहां उन्होंने डिजिटल न्यूज़, कंटेंट राइटिंग और एडिटिंग पर काम करते हुए मजबूत आधार तैयार किया। इसके बाद डिजिटल मीडिया में लगातार काम करते हुए उन्होंने एस्ट्रोलॉजी और धार्मिक विषयों से जुड़े कंटेंट में विशेषज्ञता विकसित की।
पाठक किस भाषा में बात समझता है और किस तरह की जानकारी उसके लिए उपयोगी होती है—यह समझ उनके प्रोफेशनल सफर की सबसे बड़ी ताकत रही है।

एस्ट्रोलॉजी लेखन और उद्देश्य


योगेश के लिए ज्योतिष केवल भविष्य बताने का जरिया नहीं है। वह इसे आत्मचिंतन और सही फैसलों में मदद करने वाले एक मार्गदर्शक के रूप में देखते हैं। इसी सोच के साथ वह राशिफल और अन्य ज्योतिषीय विषयों को संतुलित, व्यावहारिक और भरोसेमंद तरीके से प्रस्तुत करते हैं। उनका उद्देश्य पाठकों को डराना नहीं, बल्कि जानकारी के जरिए उन्हें सोचने और समझने की दिशा देना है।


व्यक्तिगत रुचियां


काम के अलावा योगेश को सामाजिक विषयों पर पढ़ना, लिखना और भारतीय परंपराओं को समझना पसंद है। उनका मानना है कि एक पत्रकार के लिए सीखना और खुद को अपडेट रखना सबसे जरूरी है।


विशेषज्ञता (Areas of Expertise):

राशिफल (डेली एवं वीकली)
ग्रह-गोचर
दशा-महादशा
अंकज्योतिष
सामुद्रिक शास्त्र
वास्तु शास्त्र
फेंगशुई
रत्न-उपाय
व्रत-त्योहार एवं पूजा-विधि

और पढ़ें
जानें लेटेस्ट Dharm News, Aaj ka Rashifal और सटीक Panchang की जानकारी। अपनी डेली पूजा के लिए यहाँ पढ़ें Shiv Chalisa, Hanuman Chalisa और Bajrang Baanहिंदू कैलेंडर 2026 की शुभ तिथियों के साथ अपने हर दिन को खास बनाएं!