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3 जून, 2020|8:49|IST

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Chaiti Chhath 2020: चैती छठ का सांध्य कालीन अर्घ्य आज, यह है अर्घ्य देने का शुभ मुहूर्त

छठ महापर्व चुनौतियों भरा कठिन उपवास का अनुष्ठान होता है। विपदा की घड़ी में यह और भी चुनौती भरा हो गया है, लेकिन मुश्किल घड़ी में ईश्वर में आस्था और भी बढ़ जाती है। चार दिवसीय महापर्व चैती छठ में अभी ऐसा ही झलक रहा है। कोरोना महामारी के संक्रमण को रोकने के लिए पूरा देश घरों में कैद है। इस विकट परिस्थिति में खरना का प्रसाद बनाने के लिए रविवार की सुबह गंगाजल लेने के लिए व्रती गंगा घाटों पर पहुंचे।

छठ महापर्व के दूसरे दिन खरना पूजा के बाद व्रतियों का 36 घंटे का निर्जला उपवास शुरू हुआ है। खीर का महाप्रसाद ग्रहण करने के बाद श्रद्धालु दो दिनों तक भगवान भास्कर के नमन में लीन हो गए हैं। सोमवार को चैत्र शुक्ल षष्ठी को सर्वार्थ सिद्धि योग में अस्ताचलगामी सूर्य देवता को पहला अर्घ्य दिया जाएगा। अर्घ्य देने का शुभ समय शाम को 5:58 बजे से 06:07 तक है। वहीं मंगलवार को सप्तमी 31 मार्च को भी द्विपुष्कर योग में उदीयमान सूर्य को दूध और जल से अर्घ्य देकर व्रत का समापन किया जाएगा। भारतीय ज्योतिष विज्ञान परिषद के सदस्य ज्योतिषाचार्य पंडित राकेश झा शास्त्री ने कहा कि प्रात: कालीन अर्घ्य का शुभ समय सुबह 05 : 52 बजे से 06:15 बजे तक है। उगते सूर्य को अर्घ्य देकर आयु-आरोग्यता, यश, संपदा की कामना की जाएगी। सोमवार को चैत्र शुक्ल षष्ठी डूबते सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। इस बार छठ महापर्व ग्रह गोचरों के शुभ संयोग में मनाया जा रहा है। यह पर्व पारिवारिक सुख समृद्धि और मनोवांछित फल की प्राप्ति के लिए व्रती पूरे विधि-विधान से व्रत करती है।

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  • Web Title:Chaiti Chhath 2020: Evening Arghya of Chaiti Chhath today this is Shubh muhurata of Arghya