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21 या 22 जून ज्येष्ठ पूर्णिमा, वट सावित्री व्रत पूर्णिमा किस दिन, इस तिथि का हो रहा है क्षय, देख लें वीकली पंचांग

weekly Panchang:इस सप्ताह वट सावित्री व्रत पूर्णिमा है। इसके अलावा भद्रा और गंडमूल भी इसी सप्ताह लग रहे हैं। इस बार पूर्णिमा तिथि भी दो तिथि में है

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Anuradha Pandey नई दिल्ली, एजेंसी/लाइव हिन्दुस्तान टीमTue, 18 June 2024 11:50 AM
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इस सप्ताह वट सावित्री व्रत पूर्णिमा है। इसके अलावा भद्रा और गंडमूल भी इसी सप्ताह लग रहे हैं। इस बार पूर्णिमा तिथि भी दो तिथि में है, इस बार प्रतिपदा तिथि का क्षय हो रहा है, इसलिए आषाढ़ मास की द्वितीया तिथि 23 जून को है। हिंदू कैलेंडर के अनुसार, ज्येष्ठ मा​ह के शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि 21 जून शुक्रवार को प्रात: 07 बजकर 31 मिनट से प्रारंभ होगी और यह ति​थि 22 जून शनिवार को प्रात: 06 बजकर 37 मिनट तक रहेगी. उदयातिथि के आधार पर ज्येष्ठ पूर्णिमा 22 जून को है। ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन स्नान-दान का शुभ समय सुबह 04 बजकर 04 मिनट से प्रारंभ होगा और सुबह 04 बजकर 44 मिनट पर समाप्त होगा। एक अन्य मुहूर्त दोपहर 02 बजकर 43 मिनट से 03 बजकर 39 मिनट तक रहेगा। इसके अलावा स्नान-दान का समय सुबह 11 बजकर 37 मिनट से दोपहर 01 बजकर 11 मिनट तक रहेगा। ज्येष्ठ पूर्णिमा के दिन व्रत रखकर सत्यनारायण भगवान की पूजा करते हैं और कथा सुनते हैं। इसके अलावा रात में चंद्रमा और धन की देवी लक्ष्मी की पूजा करते हैं।

19 जून (बुधवार) ज्येष्ठ शुक्ल द्वादशी प्रात 07.29 मिनट तक। प्रदोष व्रत। वट सावित्री व्रत आरंभ।

20 जून (गुरुवार) ज्येष्ठ शुक्ल त्रयोदशी प्रात 07.51 मिनट तक। गंडमूल सायं 06.10 मिनट से।

21 जून (शुक्रवार) ज्येष्ठ शुक्ल चतुर्दशी प्रात 07.32 मिनट तक। वट सावित्री व्रत (पूर्णिमा पक्ष)।

22 जून (शनिवार) ज्येष्ठ शुक्ल पूर्णिमा प्रात 06.38 मिनट तक। ज्येष्ठ पूर्णिमा (स्नान दान आदि)। संत कबीर जयंती (626 वीं)। शक आषाढ़ प्रारंभ। गंडमूल सायं 05.54 मिनट तक। आषाढ़ कृष्ण प्रतिपदा का क्षय।

23 जून (रविवार) आषाढ़ कृष्ण द्वितीया रात्रि 03.27 मिनट तक। आषाढ़ कृष्ण पक्ष प्रारंभ।

24 जून (सोमवार) आषाढ़ कृष्ण तृतीया रात्रि 01.24 मिनट तक। भद्रा दोपहर 02.26 मिनट से रात्रि 01.24 मिनट तक।

पं. ऋभुकांत गोस्वामी

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