Shiv Mahapuran: शिवलिंग का इन फूलों से करेंगे पूजन तो बढ़ेगा धन, शिवमहापुराण में है पूरा वर्णन

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Shivling flower offer as per Shiv mahapuran: शिवमहापुराण में भगवान शिव की विभिन्न पुष्पों से पूजा करने की विधि बताई हुई है। शिवमहापुराण के चौदहवें अध्याय में लिखा है कि ऐसे कौन से फूल हैं, जिन्हें अर्पित करने से भगवान शिव प्रसन्न होते हैं और धन,संपदा देते हैं।

Sawan shiva puja

सावन में भगवान शिव की विशेष पूजा अर्चना की जाती है। इस साल सावन 11 जुलाई से शुरू हो रहे हैं। सावन का महीना 9 अगस्त तक चलेगा। इस बार सावन में चार सोमवार पड़ेगें, जिसमें भगवान शिव की विशेष पूजा अर्चना की जाती है। इस दौरान भगवान शिव का जलाभिषेक, रुद्राभिषेक आदि किया जाता है। भक्त भगवान शिव को प्रसन्न करने के लिए विभिन्न चीजें, बेलपत्र, फूल धतूरा, चावल, चीनी आदि शिवलिंग पर अर्पित करते हैं। शिवमहापुराण में भगवान शिव की विभिन्न पुष्पों से पूजा करने की विधि बताई हुई है। शिवमहापुराण के चौदहवें अध्याय में लिखा है कि ऐसे कौन से फूल हैं, जिन्हें अर्पित करने से भगवान शिव प्रसन्न होते हैं। आपको बता दें कि शिवमहापुराण में भगवान शिव और देवी पार्वती के जीवन के विभिन्न पहलुओं, उनके कल्याणकारी स्वरूप, रहस्य, महिमा का वर्णन किया गया है।

किन पुष्पों को शिवलिंग को चढ़ाने से मिलेगी मां लक्ष्मी
शिवमहापुराण में ब्रह्मा जी ने बताया है कि अगर आपको मां लक्ष्मी जी को पाना है तो आप शिवलिंग पर कमल के फूल, बेल पत्र, शंखपुष्प अर्पित कर भगवान शिव का पूजन करना चाहिए। इससे मां लक्ष्मी प्रसन्न होती है और आपको धन मिलता है। जूही के फूलों से पूजा करने से घर में धनसंपदा बढ़ती है। अन्न के भंडारे भरे रहते हैं। हरसिंगार के फूलों से सुख संपत्ति मिलती है। धन के अलावा अगर आपकी कोई विशेष कामना है , तो आपको उसके अनुसार चीजें शिवलिंग पर अर्पित कर शिवपूजन करना चाहिए। जो लोग मोक्ष की कामना करते हैं, उन लोगों को एक लाख दुर्वा से भगवान शिव का पूजा करना चाहिए। अगर संतान की कामना है तो एक लाख धूतरे के फूलों से भगवान शिव का पूजन करना चाहिए। यश की कामना है, तो आपको एक लाख अगस्त्य के फूलों से पूजा करना चाहिए। अड़हुल के फूलों से शिवजी की पूजा करेंगे, तो शत्रुओं का नाश होगा। करवीर के फूलों से पूजा करने से सभी रोग खत्म हो जाते हैं। चमेली के फूलों से भगवान शिव का पूजान करने से भगवान वाहन और अलसी के फूलों से भगवान शिव का पूजन करने से विष्णु जी भी प्रसन्न होते हैं। बेलों के फूलों से अर्घ्य देने से जीवनसाथी अच्छा मिलता है।

कनेर के फूलों से पूजा करने से वस्त्र और शेफालिका के फूलों से भगवान शिव की पूजा करने से मन निर्मल होता है। राई के एक लाख फूलों से भगवान शिव का पूजन करने से शत्रु का नाश होता है। चंपा और केवड़े के फूल को भगवान शिव की पूजा में इस्तेमाल नहीं करना चाहिए।

Anuradha Pandey

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Anuradha Pandey

शार्ट बायो

अनुराधा पांडेय पिछले 16 सालों से पत्रकारिता में सक्रिय हैं और वर्तमान में 'लाइव हिन्दुस्तान' में एस्ट्रोलॉजी और करियर टीम का नेतृत्व कर रही हैं।


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अनुराधा पांडे पत्रकारिता जगत का एक अनुभवी चेहरा हैं, जिन्हें मीडिया में 16 वर्षों का व्यापक अनुभव है। वर्तमान में वह 'लाइव हिन्दुस्तान' (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में असिस्टेंट एडिटर के पद पर कार्यरत हैं और संस्थान के एस्ट्रोलॉजी और करियर सेक्शन की इंचार्ज हैं। अनुराधा पिछले 10 सालों से लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में लिख रही हैं। डिजिटल पत्रकारिता के दौर में उन्होंने धर्म जैसे महत्वपूर्ण विषय पर अपनी लेखनी से करोड़ों पाठकों का भरोसा जीता है। उनके पास खबरों को न केवल प्रस्तुत करने, बल्कि सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और विश्लेषणात्मक कंटेंट देने का लंबा अनुभव है। वह शिव महापुराण, नारद पुराण, पद्म पुराण और कई अन्य शास्त्रों के जटिल तथ्यों को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं।


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