
Shani Budh Vakri: शनि और बुध की वक्री चाल से किन 4 राशियों पर होगा असर, यहां पढ़ें
Budh Vakri, Shani vakri Rashifal in hindi: 18 जुलाई को बुध वक्री होंगे और बुध वक्री चाल से 11 अगस्त 2025 तक चलेंगे। वहीं शनि 138 दिनों के लिए वक्री हो गए हैं। आइए जानते हैं, इससे किन राशियों पर असर होगा:
Budh vakri, shani vakri Sawan 2025: इस साल 11 जुलाई 2025 से सावन की शुरुआत हो चुकी है। सावन आते ही शुरू में शनि ग्रह वक्री हो गए हैं। अब बुध वक्री होने जा रहे हैं। ऐसे में दोनों ग्रहों के वक्री होने से राशियों को चैलेंज, काम में देरी आदि का सामना करना पड़ सकता है। 18 जुलाई को बुध वक्री होंगे और बुध वक्री चाल से 11 अगस्त 2025 तक चलेंगे। इस तरह बुध का वक्री समय कुल 25 दिन होगा, वहीं शनि 138 दिनों के लिए वक्री हैं। वक्री गति होने के कारण बुध और शनि आपके कम्युनिकेशन, फैसले लेने की क्षमता, मानसिक स्पष्टता को प्रभावित करेंगे। आइए जानते हैं, इससे किन राशियों पर असर होगा:
मिथुन राशि वालों को शनि और बुध के कारण उनके शब्दों को गलत लिया जाएगा, आपको मैसेज को गलत समझा जाएगा। काम में देरी होगी। इस दौरान खुद को शांत रखें।
कन्या
कन्या राशि के स्वामी बुध हैं। बुध और शनि के वक्री के कारण इस राशि के लोगों को परिवार में समस्या रह सकती है। आपकी नींद पर असर हो सकता है। आपके रूटीन और कर्म दोनों पर इन दोनों ग्रहों के कारण असर होगा।
वृश्चिक राशि
वृश्चिक राशि वालों को शनि और बुध के वक्री होने से आपकी आंतरिक ताकत पर असर होगा। इस राशि के स्वामी मंगल हैं, तो आपके लिए क्रोध में वृद्धि देखने को मिल सकती है। इस समय किसी से खराब ना बोलें औ्र बहस में ना पड़ें।
कुंभ राशि कुंभ राशि पर पहले से ही शनि की साढ़ेसाती चल रही है। ऐसे में शनि की वक्री चाल से आपको दिक्कत होगी। मानसिक तौर पर प्रभावित रहेंगे, वहीं बुध के वक्री चाल चलने से आपकी वाणी और दिमाग के कारण समझने में परेशानी होगी। इस दौरान अपने कर्म को शुद्ध रखें। आपकी लाइफ में ठहराव आ सकता है।
इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। इन्हें अपनाने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।





