शादी-विवाह में हो रही देरी या वैवाहिक जीवन में है परेशानी, तो फुलेरा दूज पर करें ये उपाय
हिंदू धर्म में फुलेरा दूज को मांगलिक कार्यों के लिए सर्वोत्तम बताया गया है, क्योंकि इस दिन कोई दोषपूर्ण मुहूर्त नहीं होता है। फुलेरा दूज पर किए गए शुभ कार्य स्थायी फल देते हैं। विशेष रूप से विवाह में देरी या वैवाहिक जीवन की समस्याओं के निवारण के लिए यह दिन अत्यंत प्रभावी माना जाता है।

फुलेरा दूज फाल्गुन मास की शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को मनाया जाने वाला अत्यंत शुभ और सिद्धिदायक पर्व है। यह राधा-कृष्ण की प्रेममयी लीला और उनके दिव्य मिलन का प्रतीक है। मथुरा-वृंदावन सहित उत्तर भारत में इस दिन मंदिरों में भव्य पुष्प सज्जा, कीर्तन और उत्सव होते हैं।
हिंदू धर्म में इस तिथि को मांगलिक कार्यों के लिए सर्वोत्तम बताया गया है, क्योंकि इस दिन कोई दोषपूर्ण मुहूर्त नहीं होता है। फुलेरा दूज पर किए गए शुभ कार्य स्थायी फल देते हैं। विशेष रूप से विवाह में देरी या वैवाहिक जीवन की समस्याओं के निवारण के लिए यह दिन अत्यंत प्रभावी माना जाता है। 2026 में फुलेरा दूज 19 फरवरी, दिन - गुरुवार को मनाया जाएगा। आइए जानते हैं इस दिन कौन-से उपाय करने से राधा-कृष्ण की कृपा प्राप्त होती है।
फुलेरा दूज का धार्मिक महत्व
फुलेरा दूज को फूलों का त्योहार भी कहा जाता है। इस दिन राधा-कृष्ण की विशेष पूजा करने से प्रेम, वैवाहिक सुख और सामंजस्य बढ़ता है। पौराणिक मान्यता है कि इस तिथि पर राधा-कृष्ण ने एक-दूसरे को फूलों से सजाया था। इसलिए फूलों की पूजा और अर्पण विशेष फलदायी होता है। विवाह में देरी या वैवाहिक कलह वाले जोड़े इस दिन राधा-कृष्ण की आराधना करें तो जल्दी परिणाम मिलते हैं। यह तिथि विष्णु जी को अत्यंत प्रिय है, इसलिए पीला रंग और पीले फूलों का प्रयोग शुभ रहता है।
विवाह में देरी दूर करने के उपाय
अगर बहुत प्रयास के बाद भी विवाह में विलंब हो रहा है या रिश्ते टूट रहे हैं, तो फुलेरा दूज पर राधा जी को विशेष शृंगार सामग्री अर्पित करें। लाल चुनरी, सिंदूर, काजल, मेहंदी, चूड़ियां और पीले फूल चढ़ाएं। राधा-कृष्ण की जोड़ी को पीले वस्त्र पहनाकर पूजा करें। बेसन के लड्डू या माखन-मिश्री का भोग लगाएं। ऐसा करने से राधा-कृष्ण की कृपा से विवाह के योग जल्दी बनते हैं। इस दिन गाय को हरी घास और गुड़ खिलाने से भी शीघ्र विवाह होता है।
वैवाहिक जीवन में कलह दूर करने के उपाय
अगर वैवाहिक जीवन में लगातार झगड़े या असमंजस बना हुआ है, तो फुलेरा दूज पर पति-पत्नी साथ मिलकर राधा-कृष्ण की पूजा करें। दोनों हाथ जोड़कर राधा जी को चुनरी और कृष्ण जी को पीला वस्त्र अर्पित करें। पीले फूलों की माला चढ़ाएं और 'ॐ क्लीं कृष्णाय नमः' मंत्र का जप करें। पूजा के अंत में दोनों एक-दूसरे को मिठाई खिलाएं। ऐसा करने से राधा-कृष्ण की कृपा से प्रेम बढ़ता है और कलह दूर होती है। घर में पीले रंग की रंगोली बनाकर भी सकारात्मक ऊर्जा बढ़ाई जा सकती है।
गाय और मोर सेवा से राधा-कृष्ण प्रसन्न
भगवान श्रीकृष्ण को गाय और मोर अत्यंत प्रिय हैं। फुलेरा दूज पर गाय को हरी घास, गुड़ और रोटी खिलाएं। मोर को अनाज या फल चढ़ाएं। यह सेवा करने से राधा-कृष्ण की विशेष कृपा प्राप्त होती है। वैवाहिक जीवन में स्थिरता आती है और प्रेम संबंध मजबूत होते हैं। अगर संभव हो, तो इस दिन किसी गौशाला में दान करें या गाय की सेवा में समय दें। यह उपाय प्रेम और सौहार्द के लिए अत्यंत प्रभावी है।
फुलेरा दूज पर ये सरल उपाय करने से राधा-कृष्ण की कृपा प्राप्त होती है। विवाह में देरी या वैवाहिक परेशानियां दूर होती हैं। इस दिन श्रद्धा से पूजा और सेवा करें।





