Hindi Newsधर्म न्यूज़numerology mulank 4 precaustions and mantra for chanting
Numerology: 4, 13, 22 और 31 तारीख को जन्मे लोग बरतें ये सावधानियां, इस मंत्र के जाप से दूर होंगे सारे दुख

Numerology: 4, 13, 22 और 31 तारीख को जन्मे लोग बरतें ये सावधानियां, इस मंत्र के जाप से दूर होंगे सारे दुख

संक्षेप:

न्यूमेरेलॉजी के अनुसार मूलांक 4 वालों का ग्रह स्वामी राहु होता है और इन लोगों को कुछ सावधानियां जरूर बरतनी चाहिए। साथ ही इनके लिए 2 ऐसे मंत्र हैं जिनके जाप से इनका मन हमेशा शांत रहेगा।

Feb 06, 2026 03:28 pm ISTGarima Singh लाइव हिन्दुस्तान
share Share
Follow Us on

न्यूमेरेलॉजी यानी अंक ज्योतिष में भी भविष्यवाणी की जाती है। इस शास्त्र में जन्म की तिथि के आधार पर सब होता है। जन्म तिथि के योग से हमें हमारा मूलांक मिल जाता है और न्यूमेरेलॉजी का आधार यही मूलांक होता है। अगर आपको जन्म 6 तारीख को हुआ है तो आपका मूलांक 6 होगा। वहीं अगर आपका जन्म किसी भी महीने की 13 तारीख को हुआ है तो आपका मूलांक 4 आएगा। आज बात करेंगे मूलांक 4 वालों के ही बारे में। इस मूलांक की कैटेगरी में वो लोग आते हैं, जिनका जन्म किसी भी महीने की 4, 13, 22 या फिर 31 तारीख को होता है। जानेंगे कि न्यूमेरेलॉजी के अनुसार इन लोगों को को किन-किन चीजों में सावधानी बरतनी चाहिए? साथ ही जानेंगे कि इस मूलांक के लिए वो दो मंत्र कौन से हैं, जिनके जाप से लाभ मिलेगा?

मूलांक 4 वाले लोग बरतें ये सावधानियां

1. जिन लोगों का जन्म किसी भी महीने की 4, 13, 22 या फिर 31 तारीख को हुआ है तो ऐसे लोगों को किसी दूसरे को कभी भी झूठा आश्वासन देने से बचना चाहिए। अगर आपसे हो पाए तभी हां कहें नहीं तो क्लैरिटी के साथ मना ही कर दें। इससे आपकी पर्सनैलिटी खराब नहीं होगी बल्कि लोगों को लगेगा कि आप साफ बात करने वाले इंसान हैं। दूसरों को खुश करने के लिए हमेशा हां ना कहते रहें। अपनी प्रियॉरिटी के हिसाब से चीजें करें।

2. मूलांक 4 वाले जातक झूठी शान शौकत से हमेशा दूरी बनाकर रखें। आपकी स्थिति जैसी है, वैसा ही रहन-सहन रखें। दूसरों के रहन-सहन और खानपान से अपनी तुलना ना करें। किसी की नकल ना करें। आप जैसे हैं वैसे ही रहें।

3. न्यूमेरेलॉजी के हिसाब से मूलांक 4 वाले जातकों को ट्रैवल के समय सावधानी बरतनी चाहिए। इस दौरान अपना और अपनी चीजों का ख्याल रखें। ट्रैवलिंग के समय किसी दूसरे इंसान पर आंख मूंदकर भरोसा करने से बचें।

मूलांक 4 वाले पढ़ें ये मंत्र

इस मूलांक का ग्रह स्वामी राहु होता है। वहीं न्यूमेरेलॉजी के आधार पर इस मूलांक के प्रधान देवता भगवान गणेश हैं। ऐसे में इन लोगों को गणपति की पूजा हमेशा करनी चाहिए। साथ ही इन्हें ध्यान में रखते हुए दो मंत्रों का जाप जरूर करना चाहिए। नीचे जानें इन मंत्रों के बारे में...

पहला मंत्र

द्वि चतुर्दश वर्ण भूषितांड्ग

शशि सूर्याग्नि विलोचनं सुरेशम्।

अहि भूषित कण्ठमक्षसूत्रं

प्रभयेत्तं हृदये गणेशम्॥

दूसरा मंत्र

ॐ श्रीं ह्रीं क्लीं ग्लौं गं गणपतये वरवरद सर्वजनं मे वशमानाय स्वाहा॥

डिस्क्लेमर- (इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए अंकशास्त्र विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।)

Garima Singh

लेखक के बारे में

Garima Singh

शॉर्ट बायो


गरिमा सिंह एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में कार्यरत हैं। वह वास्तु, न्यूमरोलॉजी, फेंगशुई और राशिफल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं।


परिचय और अनुभव

गरिमा सिंह डिजिटल मीडिया में लंबे समय से सक्रिय हैं। वह पिछले 8 महीनों से लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अपने करियर में न्यूज, फीचर और एक्सप्लेनर कंटेंट पर काम किया है। अब वह ज्योतिष से जुड़े विषयों को सरल और व्यावहारिक तरीके से पाठकों तक पहुंचाती हैं। उनके आर्टिकल की खास बात ये है कि वह जटिल ज्योतिषीय बातों को आसान भाषा में समझाने की पूरी कोशिश करती हैं ताकि जिसे एस्ट्रोलॉजी का ए भी नहीं पता है वह भी आसान तरीके से चीजों को समझ सके और उस पर अमल कर सके।


करियर

गरिमा ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत रेडियो चैनल रेड एफएम से की। यहां पर उन्होंने रेडियो से जुड़ी बारिकियों को समझने की कोशिश की और मॉर्निंग शो को प्रोड्यूस करने के साथ-साथ कॉपी राइटिंग का भी काम संभाला। साथ में कई विज्ञापनों में वॉइस ओवर भी दिया। इसके अलावा उन्होंने डीडी न्यूज, जी न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में डिजिटल और टीवी पत्रकारिता को करीब से जाना और समझा। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का यह अनुभव आज उनके डिजिटल राइटिंग और स्टोरीटेलिंग के तरीके को और भी प्रभावशाली बनाता है।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि

गरिमा ने साइकोलॉजी, इकोनॉमिक्स और इंग्लिश विषयों में बैचलर ऑफ आर्ट्स (B.A.) की डिग्री प्राप्त की है। इसके बाद उन्होंने इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन दिल्ली और जामिया मिलिया इस्लामिया से टीवी और रेडियो पत्रकारिता की पढ़ाई की है। इस दौरान उन्होंने इंटर्नशिप भी की। वह जामिया मिलिया इस्लामिया की गोल्ड मेडलिस्ट भी रह चुकी हैं।


एस्ट्रोलॉजी लेखन की सोच

गरिमा का मानना है कि ज्योतिष का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को सही दिशा और सकारात्मक सोच देना होना चाहिए। उनका फोकस होता है- सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट। वह शिव पुराण और कई और शास्त्रों की जटिल कथाओं को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। गरिमा वास्तु शास्त्र और न्यूमरोलॉजी के अलावा फेंगशुई की किताबें पढ़ती रहती हैं और वहां की उपयोगी जानकारियों को पाठकों के साथ समय-समय पर साझा करती हैं।


व्यक्तिगत रुचियां

काम के अलावा गरिमा को गार्डनिंग, कुकिंग और टेबल टेनिस खेलना पसंद है। वह कानपुर से ताल्लुक रखती हैं और एक संतुलित जीवनशैली में विश्वास करती हैं।


विशेषज्ञता

वास्तु शास्त्र, न्यूमरोलॉजी, फेंगशुई, डेली और वीकली राशिफल

और पढ़ें
जानें धर्म न्यूज़ , Aaj ka Rashifal,Panchang , Numerology से जुडी खबरें हिंदी में हिंदुस्तान पर| हिंदू कैलेंडर से जानें शुभ तिथियां और बनाएं हर दिन को खास!
;;;