नजर उतारने के बाद ना करें ये 3 गलतियां, जानें कहां फेंकनी है राख?

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क्या आप कन्फ्यूज रहते हैं कि नजर उतारी हुई सामग्री की राख कहां फेंकनी चाहिए? जानिए नजर उतारने के बाद किन 3 गलतियों से बचने की जरूरत है?

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नजर उतारने का सही तरीका

कई बार बिना किसी वजह के भी मन बैचेन सा रहने लगता है ना? या फिर तमाम कोशिशों के बाद भी कोई काम बार-बार रुक जाता है। माना जाता है कि ऐसा बुरी नजर के चलते होता है। नजर उतारने की परंपरा काफी लंबे समय से चली आ रही है। माना जाता है कि इसके जरिए किसी भी व्यक्ति से जुड़ी नेगेटिव एनर्जी को दूर किया जा सकता है। हालांकि सिर्फ इस प्रक्रिया का करना ही काफी नहीं होता है। इसके लिए सही नियमों का पालन करना भी उतना ही जरूरी है। अगर सही नियम का पालन ना किया जाए तो इससे पूरा लाभ नहीं मिल पाता है। जानिए आखिर नजर उतारने के बाद कौन सी 3 गलतियों से बचना चाहिए?

नजर उतारने की सामग्री

1. लाल मिर्च

2. राई या फिर पीली सरसों

3. कपूर

4. नमक (ऑप्शनल)

ना करें ये 3 गलतियां-

1. घर में ना रखें नजर उतारी हुई ये चीजें

जिन चीजों का इस्तेमाल करके आपने किसी की भी नजर उतारी है तो उन चीजों को लंबे समय तक घर के अंदर ना रहने दें। माना जाता है कि जब आप इनके जरिए किसी की नजर उतारते हैं तो इसमें ही सारी नेगेटिव एनर्जी आ जाती है। ऐसे में नजर उतारी हुई चीजों को लंबे समय तक घर के अंदर नहीं रखना चाहिए। नजर उतारने के बाद तुरंत बाद ही इसे जला दें और इसकी राख को घर से बाहर कर दें।

2. बाहर रखने के बाद पीछे ना मुड़े

जब आप नजर उतारी हुई चीजों को बाहर रखकर आते हैं या फिर बहते पानी में प्रवाहित करते हैं तो कोशिश करें कि पीछे मुड़कर ना देखें। घर वापस आने के बाद आप हाथ पैर धो लें। इस नियम के पीछे सिर्फ लोगों की आस्था है। हालांकि नेगेटिविटी को जितना इग्नोर किया जाए उतना अच्छा है।

3. चलने-फिरने वाली जगह पर ना फेंके राख

नजर उतारी गई सामग्री जोकि राख हो चुकी है उसे किसी सड़क या गली में ना फेंक दें। कोशिश यही करें कि इसे ऐसी जगह रखा जाए जहां पर लोगों का आना-जाना ना हो। अगर राख को सड़क पर ऐसे ही फेंक दिया जाएगा तो इससे दूसरे लोग भी प्रभावित हो सकते हैं।

क्या है सही तरीका?

नजर उतारी हुई सामग्री की राख को बहते हुए पानी में डाल देना सही नियम है। वहीं आप इसे घर के बाहर मिट्टी में दबा सकते हैं। इसके अलावा इस बात का ध्यान रखें नजर हमेशा सूर्यास्त के बाद ही उतारा जाए।

डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

Garima Singh

लेखक के बारे में

Garima Singh

शॉर्ट बायो: गरिमा सिंह एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में कार्यरत हैं। वह वास्तु, अंक शास्त्र, रत्न शास्त्र, फेंगशुई और राशिफल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं।

परिचय और अनुभव
गरिमा सिंह डिजिटल मीडिया में लंबे समय से सक्रिय हैं। इस समय वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अपने करियर में न्यूज, फीचर और एक्सप्लेनर कंटेंट पर काम किया है। अब वह ज्योतिष से जुड़े विषयों को सरल और व्यावहारिक तरीके से पाठकों तक पहुंचाती हैं। उनके आर्टिकल की खास बात ये है कि वह जटिल ज्योतिषीय बातों को आसान भाषा में समझाने की पूरी कोशिश करती हैं ताकि जिसे एस्ट्रोलॉजी का ए भी नहीं पता है वह भी आसान तरीके से चीजों को समझ सके और उस पर अमल कर सके।

करियर
गरिमा ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत रेडियो चैनल रेड एफएम से की। यहां पर उन्होंने रेडियो से जुड़ी बारिकियों को समझने की कोशिश की और मॉर्निंग शो को प्रोड्यूस करने के साथ-साथ कॉपी राइटिंग का भी काम संभाला। साथ में कई विज्ञापनों में वॉइस ओवर भी दिया। इसके अलावा उन्होंने डीडी न्यूज, जी न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में डिजिटल और टीवी पत्रकारिता को करीब से जाना और समझा। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का यह अनुभव आज उनके डिजिटल राइटिंग और स्टोरीटेलिंग के तरीके को और भी प्रभावशाली बनाता है।

शैक्षणिक पृष्ठभूमि
गरिमा ने साइकोलॉजी, इकोनॉमिक्स और इंग्लिश विषयों में बैचलर ऑफ आर्ट्स (B.A.) की डिग्री प्राप्त की है। इसके बाद उन्होंने इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन दिल्ली और जामिया मिलिया इस्लामिया से टीवी और रेडियो पत्रकारिता की पढ़ाई की है। इस दौरान उन्होंने इंटर्नशिप भी की। वह जामिया मिलिया इस्लामिया की गोल्ड मेडलिस्ट भी रह चुकी हैं।

एस्ट्रोलॉजी लेखन की सोच
गरिमा का मानना है कि ज्योतिष का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को सही दिशा और सकारात्मक सोच देना होना चाहिए। उनका फोकस होता है- सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट। वह शिव पुराण और कई और शास्त्रों की जटिल कथाओं को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। गरिमा वास्तु शास्त्र और न्यूमरोलॉजी के अलावा फेंगशुई की किताबें पढ़ती रहती हैं और वहां की उपयोगी जानकारियों को पाठकों के साथ समय-समय पर साझा करती हैं।

व्यक्तिगत रुचियां
काम के अलावा गरिमा को गार्डनिंग, कुकिंग और टेबल टेनिस खेलना पसंद है। वह कानपुर से ताल्लुक रखती हैं और एक संतुलित जीवनशैली में विश्वास करती हैं।

विशेषज्ञता (Areas of Expertise)
वास्तु शास्त्र
अंक शास्त्र
रत्न शास्त्र
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