
आज और कल मकर संक्रांति पर इन 4 जगहों पर जलाएं दीपक, धन-दौलत में होगी वृद्धि
Makar Sankranti Ke Upay: इस साल 14 और 15 जनवरी को मकर संक्रांति का त्योहार मनाया जाएगा। इस दिन कुछ जगहों पर शाम के समय में दीपक जलाने से मां लक्ष्मी का आगमन होता है और धन-धान्य भी बना रहता है।
Makar Sankranti Ke Upay, Makar Sankranti 2026: मकर संक्रांति के दिन पूजा-पाठ का विशेष महत्व है। शास्त्रों के अनुसार, मकर संक्रांति की शाम के समय सूर्यास्त होने के बाद कुछ खास जगहों पर दीपक जलाने से भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की असीम कृपा प्राप्त होती है। इस साल कुछ लोग 14 जनवरी और कुछ 15 जनवरी के दिन मकर संक्रांति मना रहे हैं। मकर संक्रांति के खास मौके पर कुछ जगहों पर शाम के समय में दीपक जलाने से मां लक्ष्मी का आगमन होता है और धन-धान्य भी बना रहता है।
आज और कल मकर संक्रांति पर इन 4 जगहों पर जलाएं दीपक, धन-दौलत में होगी वृद्धि
1. पीपल के पेड़ के नीचे: मकर संक्रांति के दिन अगर संभव हो, तो पास के किसी मंदिर या पीपल के पेड़ के नीचे दीपक जलाएं। पीपल में भगवान विष्णु का वास माना जाता है। यहां दीपक में काला तिल मिलाकर जलाने से पितृ दोष से मुक्ति मिलती है और आर्थिक तंगी दूर होती है।
2. मंदिर में: मकर संक्रांति के दिन अपने घर के मंदिर में भगवान विष्णु या लड्डू गोपाल के सामने एक अखंड दीपक या घी का दीपक जलाएं। यह परिवार में शांति और भक्ति का माहौल बनाए रखता है।
3. घर के मुख्य द्वार पर: मकर संक्रांति की शाम को घर के मुख्य द्वार पर दीपक जलाएं। दीपक को सीधे जमीन पर न रखें, उसके नीचे थोड़े अक्षत या फूलों की पंखुड़ी रखें। ऐसा माना जाता है कि मकर संक्रांति पर मुख्य द्वार पर दीपक जलाने से माता लक्ष्मी का घर में आगमन होता है और नकारात्मक ऊर्जा दूर होती है।
4. तुलसी के पास: तुलसी का पौधा भगवान विष्णु का प्रिय पौधा है। मकर संक्रांति की शाम को तुलसी के पौधे के पास गाय के घी का दीपक जरूर जलाएं। इससे घर में सुख-समृद्धि आती है और वैवाहिक जीवन की परेशानियां दूर होती हैं।
रखें इन बातों का ध्यान
घी या तेल: मकर संक्रांति पर मुख्य रूप से गाय के शुद्ध घी का दीपक जलाना सबसे उत्तम है। यदि घी न हो, तो तिल के तेल का उपयोग किया जा सकता है।
दिशा: दीपक की लौ (ज्योति) यदि उत्तर या पूर्व दिशा की ओर हो, तो यह आयु और आरोग्य बढ़ाती है।
डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।





