Chandi ka challa: हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला पहनना शुभ या अशुभ? जानें क्या मिलता है फल

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Hath ke anguthe me chandi ka challa pehne ke fayde: आपने लोगों को हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला पहने हुए देखा होगा। लेकिन क्या आप जानते हैं कि चांदी का छल्ला धारण करने से जीवन में कई अहम लाभ होते हैं। आइए जानते हैं इनके बारे में।

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हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला धारण करने का क्या फल मिलता है ?

Hath ke anguthe me chandi ka challa pehne ke fayde: हिंदू धर्म में चांदी को बहुत शुभ माना जाता है। जबकि सोने का खोना और पाना दोनों ही अशुभ संकेत हैं, जबकि चांदी को लेकर ऐसा नहीं है। सोना एक मूल्यवान धातु है, जबकि चांदी एक पवित्र और मध्यम कीमती धातु है। जिसके कारण इसका उपयोग ज्यादा किया जाता है। कई लोग हाथ में चांदी का कड़ा या अंगूठी धारण करते हैं। कुछ लोगों को आपने हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला पहने हुए देखा होगा। क्या आप जानते हैं कि अंगूठे में चांदी का छल्ला पहनना शुभ होता है और इससे व्यक्ति को कई तरह के लाभ मिलते हैं। आइए जानते हैं हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला धारण करने के लाभ।

1. मानसिक तनाव से छुटकारा:

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, अगर कुंडली में चंद्रमा और शनि साथ होते हैं या शनि की दृष्टि चंद्रमा पर पड़ रही हो, तो ऐसे व्यक्ति को चांदी का छल्ला दाहिने हाथ के अंगूठे में धारण करना चाहिए। चांदी शुक्र और चंद्रमा से संबंधित है। चांदी का प्रयोग करने से शरीर ठंडा रहता है और रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है। चांदी का छल्ला धारण करने से मानसिक तनाव दूर होता है।

2. शुक्र ग्रह होता है मजबूत:

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जिस व्यक्ति की कुंडली में शुक्र ग्रह कमजोर होता है उसे हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला पहनना लाभकारी होता है। यह किसी भी हाथ के अंगूठे में पहन सकते हैं। यह शुक्र को शक्ति प्रदान करता है।

3. एकाग्रता और आत्मविश्वास:

हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला धारण करने से व्यक्ति की एकाग्रता और आत्मविश्वास में वृद्धि होती है। काम में फोकस बढ़ता है और आत्मबल के दम पर कार्यों में सफलता भी हासिल होती है। वाणी और तर्कशक्ति बढ़ती है। आपकी वाणी से लोग प्रभावित हो सकते हैं।

4. वैवाहिक जीवन में सुधार:

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, जिन लोगों के वैवाहिक जीवन में उतार-चढ़ाव रहते हैं, उनके लिए दाहिने हाथ के अंगूठे में चांदी का छल्ला पहनना लाभकारी माना जाता है। इसके अलावा गले में चांदी की चेन भी धारण कर सकते हैं।

किस दिन चांदी का छल्ला धारण करना चाहिए:

ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, हाथ के अंगूठे में सोमवार या शुक्रवार को चांदी का छल्ला धारण करना या पहनना शुभ माना जाता है।

अंगूठे की जड़ को क्या कहा जाता है:

अंगूठा अंगुलियों के लिए एक सहायक के रूप में काम करता है। शास्त्रों में अंगूठे की जड़ को 'ब्रह्म तीर्थ' कहा गया है। पितरों का तर्पण करने के लिए अंगूठे का प्रयोग किया जाता है। अंगूठा शुक्र ग्रह से संबंधित है। अंगूठे के नीचे की ओर उठा हुआ भाग शुक्र पर्वत कहलाता है। कहा जाता है कि अगर कुंडली में शुक्र खराब या अशुभ स्थिति में होता है तो अंगूठे में किसी न किसी तरह की तकलीफ या दिक्कत बनी रहती है।

डिस्क्लेमर: इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

Saumya Tiwari

लेखक के बारे में

Saumya Tiwari

संक्षिप्त विवरण

सौम्या तिवारी लाइव हिन्दुस्तान की एस्ट्रोलॉजी टीम का हिस्सा हैं और इस संस्थान के साथ करीब 5 वर्षों से अधिक समय से जुड़ी हैं। इन्हें डिजिटल पत्रकारिता में करीब 9 वर्षों से अधिक का अनुभव है। यहां वह ग्रह राशि परिवर्तन, टैरो, वैदिक ज्योतिष, फेंगशुई, अंकराशि, रत्न शास्त्र और व्रत-त्योहार आदि से जुड़ी खबरें लिखती हैं।


विस्तृत बायो


परिचय और अनुभव

सौम्या तिवारी की ग्रह राशि परिवर्तन, व्रत-त्योहार, सामुद्रिक शास्त्र, अंकज्योतिष, वास्तु शास्त्र एवं फेंगशुई, कथा-कहानी जैसे विषयों पर अच्छी पकड़ है। उन्हें ज्योतिष एवं धार्मिक विषयों में करीब 6 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) में बतौर डिप्टी कंटेंट प्रोड्यूसर कार्यरत हैं और धर्म व ज्योतिष (एस्ट्रोलॉजी) सेक्शन का हिस्सा हैं।


इसके अलावा उन्होंने मनोरंजन (एंटरटेनमेंट) और राजनीतिक (पॉलिटिक्स) विषयों पर भी विभिन्न मीडिया संस्थानों में काम किया है। लाइव हिन्दुस्तान में सौम्या की टॉप परफॉर्मेंस रही है, जिसके लिए उन्हें कई बार पुरस्कारों से सम्मानित किया जा चुका है। खाली समय में वह धार्मिक ग्रंथों और पुराणों का अध्ययन करना और पाठकों तक सही जानकारी पहुंचाना पसंद करती हैं।


शैक्षणिक पृष्ठभूमि

सौम्या तिवारी ने कानपुर विश्वविद्यालय से स्नातक (बीए) किया है और जागरण इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड मास कम्युनिकेशन से जनसंचार एवं पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा प्राप्त किया है। पत्रकारिता की पढ़ाई के दौरान ही उन्हें हैदराबाद की लोकल न्यूज वेबसाइट इंडिलिक्स से पहली नौकरी का प्रस्ताव मिला।


इसके बाद वह जनसत्ता (द इंडियन एक्सप्रेस ग्रुप), द क्विंट और जी न्यूज जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों से जुड़ी रहीं। साल 2020 में वह लाइव हिन्दुस्तान के धर्म व ज्योतिष सेक्शन का हिस्सा बनीं।


व्यक्तिगत रुचियां

उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले की रहने वाली सौम्या तिवारी को धार्मिक और ज्योतिषीय विषयों की जानकारी जुटाना पसंद है। इसके अलावा उन्हें नई-नई जगहों पर घूमने का भी शौक है।


विशेषज्ञता

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