Hindi Newsधर्म न्यूज़Hanuman ji ki milegi kripa mangalwar ko karein sundarkand ka subh sham path
मंगलवार को सुबह-शाम करें हनुमान जी के लिए सुंदरकांड का पाठ, इन चौपाई से होगा लाभ

मंगलवार को सुबह-शाम करें हनुमान जी के लिए सुंदरकांड का पाठ, इन चौपाई से होगा लाभ

संक्षेप:

Hanuman ji sundarkand: मंगलवार के दिन हनुमान जी की पूजा और सुंदरकांड का पाठ बहुत भी फलदायी माना जाता है। सुंदरकांड का पाठ शाम के समय भी कर सकते हैं। लेकिन आपको सुंदरकांड के हर चौपाई और दोहे के पाठ के बारे में अच्छे से जानकारी होनी चाहिए।

Tue, 28 Oct 2025 03:41 PMAnuradha Pandey लाइव हिन्दुस्तान
share Share
Follow Us on

मंगलवार के दिन हनुमान जी की पूजा और सुंदरकांड का पाठ बहुत भी फलदायी माना जाता है। सुंदरकांड का पाठ शाम के समय भी कर सकते हैं। लेकिन आपको सुंदरकांड के हर चौपाई और दोहे के पाठ के बारे में अच्छे से जानकारी होनी चाहिए। इनको पढ़ने से लेकर इनका अर्थ भी आपको अच्छे से पता होना चाहिए। इसलिए यहां हम आपको हनुमान जी की रामचरितमानस के सुंदरकांड की चौपाई का अर्थ बता रहे हैं। इन चौपाई का अर्थ जानकर आप अलग ही शक्ति का अनुभव करेंगे। कुल मिलाकर शुद्ध मन और चित्त से आपको इनका पाठ करना चाहिए। हनुमान जी को कलयुग के देवता कहा जाता है। ऐसा कहा गया है कि हनुमान जी की पूजा से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं और हनुमान जी की भक्ति मिलती है। इसके अलावा जीवन के कई पहलुओं के बारे में ज्ञान भी मिलता है।

LiveHindustan को अपना पसंदीदा Google न्यूज़ सोर्स बनाएं – यहां क्लिक करें।
ये भी पढ़ें:मंगलवार को हनुमान चालीसा के पाठ से ये परेशानियां होंगी कम

लंका निसिचर निकर निवासा, इहां कहां सज्जन कर बासा…मन महुं तरक करै कपि लागा, तेहीं समय बिभीषनु जागा
… यह रामचरितमानस के सुंदरकांड की चौपाई , उस समय की है, जब हनुमान जी लंका में माता सीता का पता लगाने गए थे। उस समय वो लंका में राक्षसों को देखकर सोचते हैं। हनुमान जी मन में यह तर्क कर रहे थे कि लंका राक्षसों का निवास स्थान है, तो यहां कोई सज्जन यानी सही और सच्चा आदमी कहां मिल सकता है। हनुमान जी मन में इस तरह का तर्क और वितर्क कर ही रहे थे कि उसी समय विभीषण जी जाग गए। हनुमान जी के मन के इस तर्क के तुरंत बाद विभीषण जी ने उन्हें देखा। इसलिए ऐसा नहीं है कि जहां सभी झूठे लोग हों, तो वहां सच्चा आदमी नहीं मिलता, सच्चा आदमी हर जगह मिलता है। इसलिए हमें अच्छे और बुरे में फर्क करना चाहिए और असत्य का मार्ग छोड़कर सत्य का मार्ग अपनाना चाहिए।

Anuradha Pandey

लेखक के बारे में

Anuradha Pandey
अनुराधा पांडे लाइव हिन्दुस्तान में एस्ट्रोलॉजी और करियर सेक्शन लीड कर रही हैं। इन्हें पत्रकारिता जगत में करीब डेढ़ दशक का अनुभव है। ज्योतिष और धर्म-अध्यात्म से जुड़े विषयों पर पिछले 10 सालों से लिख रही हैं। इन्होंने हिंदी पत्रकारिता में पीजी डिप्लोमा भारतीय जनसंचार संस्थान, दिल्ली और ग्रैजुएशन दिल्ली विश्वविद्यालय से किया है। लाइव हिन्दुस्तान में करियर का लंबा हिस्सा बीता और काम करते-करते 9 साल हो गए हैं। एस्ट्रोलॉजी और करियर से जुड़ी खबरों के अलावा हेल्थ पर लिखने शौक है। इससे पहले तीन साल तक आज तक वेबसाइट में एजुकेशन सेक्शन में भी काम किया है। और पढ़ें
जानें धर्म न्यूज़ ,Choti Diwali Wishes , Rashifal, Panchang , Numerology से जुडी खबरें हिंदी में हिंदुस्तान पर| हिंदू कैलेंडर से जानें शुभ तिथियां और बनाएं हर दिन को खास!