भगवान गणेश को क्यों चढ़ाई जाती है दूर्वा? राक्षस अनलासुर से जुड़ी है पौराणिक कथा
भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाने की परंपरा के पीछे अनलासुर राक्षस की एक पौराणिक कथा जुड़ी है। यहां जानें आखिर क्यों गणपति बप्पा को दूर्वा बेहद प्रिय मानी जाती है और इसके पीछे का धार्मिक महत्व क्या है? साथ ही जानें गणेश जी को दुर्वा चढ़ान से क्या लाभ मिलते हैं?

बुधवार का दिन भगवान गणेश की पूजा को समर्पित होता है। गणपति की पूजा में दूर्वा का विशेष महत्व माना जाता है। लगभग हर गणेश पूजा में लोग भगवान गणेश को दूर्वा जरूर अर्पित करते हैं। हिंदू धर्म में मान्यता है कि दूर्वा चढ़ाने से भगवान गणेश जल्दी प्रसन्न होते हैं और सारी मनोकामनाएं पूरी कर देते हैं। बात करें दूर्वा की तो एक साधारण हरी घास की तरह दिखती है लेकिन पूजा-पाठ में इसे बहुत ही पवित्र और जरूरी माना जाता है। खासकर कि बुधवार, गणेश चतुर्थी और वरदा चतुर्थी जैसे दिनों में इसका महत्व और भी बढ़ जाता है। आज वरदा चतुर्थी है और ऐसे में जानेंगे कि आखिर गणेश जी को दुर्वा ही क्यों चढ़ाई जाती है?
भगवान गणेश को प्रिय है दूर्वा
माना जाता है कि दूर्वा अर्पित करने से घर में खुशहाली और सुख-शांति बनी रहती है और जिंदगी में आने वाली हर बाधा खत्म होती है। पौराणिक कथा के अनुसार एक बार अनलासुर नाम के राक्षस ने तीनों लोकों में आतंक मचा रखा था। उस दौरान भगवान गणेश ने उसका अंत करने की ठानी और उसे निगल गए। हालांकि इसके बाद उनके पेट में जलन होने लगी थी। कई उपाय किए गए लेकिन उन्हें आराम नहीं मिला। इसके बाद कश्यप ऋषि ने गणेश जी को दूर्वा अर्पित की। दूर्वा चढ़ाते ही उनके शरीर की गर्मी शांत हो गई। तभी से माना जाता है कि भगवान गणेश को दूर्वा बेहद ही प्रिय है।
दूर्वा चढ़ाने से मिलते हैं ये लाभ
1. भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाने से जिंदगी के सारे कष्ट और परेशानियां दूर होने लगती हैं।
2. पूजा में दूर्वा अर्पित करने से घर में सुख-समृद्धि और पॉजिटिव आती है।
3. स्टूडेंट्स को भी भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ानी चाहिए क्योंकि गणेश जी बुद्धि और ज्ञान के देवता हैं।
4. दूर्वा को लेकर ऐसी भी मान्यता है कि नौकरी, बिजनेस या फिर पैसों की समस्या से जूझ रहे लोग इसे भगवान गणेश को अर्पित करें तो उन्हें लाभ जरूर मिलेगा।
5. परिवार में शांति और रिश्तों में मजबूती बनाए रखने के लिए भी भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाना शुभ माना जाता है।
दूर्वा चढ़ाते समय रखें इन बातों का ध्यान
भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाते वक्त कुछ खास बातों का ध्यान रखना चाहिए। दूर्वा हमेशा साफ और ताजी ही अर्पित करनी चाहिए। पूजा में तीन या पांच गांठ वाली दूर्वा चढ़ाना शुभ माना जाता है। जब भी भगवान गणेश को दूर्वा अर्पित करें तो ॐ गं गणपतये नमः मंत्र का जाप जरूर करें। सूखी या टूटी हुई दूर्वा भगवान गणेश को नहीं चढ़ानी चाहिए। साथ ही पूजा करते समय मन में श्रद्धा और पॉजिटिव सोच ही रहनी चाहिए।
लेखक के बारे में
Garima Singhशॉर्ट बायो:
गरिमा सिंह एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में कार्यरत हैं। वह वास्तु, अंक शास्त्र, रत्न शास्त्र, फेंगशुई और राशिफल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं।
परिचय और अनुभव
गरिमा सिंह डिजिटल मीडिया में लंबे समय से सक्रिय हैं। इस समय वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अपने करियर में न्यूज, फीचर और एक्सप्लेनर कंटेंट पर काम किया है। अब वह ज्योतिष से जुड़े विषयों को सरल और व्यावहारिक तरीके से पाठकों तक पहुंचाती हैं। उनके आर्टिकल की खास बात ये है कि वह जटिल ज्योतिषीय बातों को आसान भाषा में समझाने की पूरी कोशिश करती हैं ताकि जिसे एस्ट्रोलॉजी का ए भी नहीं पता है वह भी आसान तरीके से चीजों को समझ सके और उस पर अमल कर सके।
करियर
गरिमा ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत रेडियो चैनल रेड एफएम से की। यहां पर उन्होंने रेडियो से जुड़ी बारिकियों को समझने की कोशिश की और मॉर्निंग शो को प्रोड्यूस करने के साथ-साथ कॉपी राइटिंग का भी काम संभाला। साथ में कई विज्ञापनों में वॉइस ओवर भी दिया। इसके अलावा उन्होंने डीडी न्यूज, जी न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में डिजिटल और टीवी पत्रकारिता को करीब से जाना और समझा। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का यह अनुभव आज उनके डिजिटल राइटिंग और स्टोरीटेलिंग के तरीके को और भी प्रभावशाली बनाता है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
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एस्ट्रोलॉजी लेखन की सोच
गरिमा का मानना है कि ज्योतिष का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को सही दिशा और सकारात्मक सोच देना होना चाहिए। उनका फोकस होता है- सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट। वह शिव पुराण और कई और शास्त्रों की जटिल कथाओं को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। गरिमा वास्तु शास्त्र और न्यूमरोलॉजी के अलावा फेंगशुई की किताबें पढ़ती रहती हैं और वहां की उपयोगी जानकारियों को पाठकों के साथ समय-समय पर साझा करती हैं।
व्यक्तिगत रुचियां
काम के अलावा गरिमा को गार्डनिंग, कुकिंग और टेबल टेनिस खेलना पसंद है। वह कानपुर से ताल्लुक रखती हैं और एक संतुलित जीवनशैली में विश्वास करती हैं।
विशेषज्ञता (Areas of Expertise)
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