भगवान गणेश को हर बुधवार चढ़ाते हैं दूर्वा? भूलकर भी ना करें गलतियां, जानें सही तरीका और खास मंत्र

Garima Singh लाइव हिन्दुस्तान
share

बुधवार के दिन भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाना बहुत ही शुभ माना जाता है। जानें दूर्वा अर्पित करने का सही तरीका, खास मंत्र और गणेश पूजा में कौन सी गलतियां नहीं करनी चाहिए?

भगवान गणेश को हर बुधवार चढ़ाते हैं दूर्वा? भूलकर भी ना करें गलतियां, जानें सही तरीका और खास मंत्र

Ganesh Puja Durva Niyam: भगवान गणेश की पूजा में दूर्वा का खास महत्व माना जाता है। खासकर बुधवार के दिन गणेश जी को दूर्वा अर्पित करना बहुत ही शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि दूर्वा चढ़ाने से भगवान गणेश जल्दी प्रसन्न हो जाते हैं और लोगों की हर इच्छा जल्दी पूरी करते हैं। यही वजह है कि गणेश पूजा में दूर्वा को जरूरी माना जाता है। हालांकि कई लोग पूजा के दौरान कुछ ऐसी गलतियां कर देते हैं जिनसे पूजा का पूरा फल नहीं मिल पाता है। भगवान गणेश को दूर्वा चढ़ाने का सही तरीका और उससे जुड़े नियम जानना बेहद जरूरी माना जाता है क्योंकि बप्पा की पूजा तभी पूरी मानी जाती है।

दूर्वा चढ़ाने का सही तरीका

बुधवार के दिन स्नान करके साफ कपड़े पहनें। पूजा स्थान को साफ करें। गणेश की मूर्ति या फिर तस्वीर को आसन पर ठीक से रखें। इसके बाद सबसे पहले उन्हें दूर्वा अर्पित करें। यहां ध्यान रखें कि भगवान को हमेशा साफ और ताजी दूर्वा ही अर्पित करें। इसे एक बार साफ कर लें और इसके बाद ही पूजा में शामिल करें। साथ ही पूजा में हमेशा 3 या 5 गांठ वाली दूर्वा ही चढ़ाएं। इसे गणेश जी के चरणों में श्रद्धा भाव से अर्पित करें। अब बाकी चीजों के साथ भोग वगैरह लगा दें। बाद में आरती करने के बाद भूल-चूक के लिए माफी मांग लें।

दूर्वा अर्पित करते समय ना करें ये गलतियां

पूजा के दौरान भगवान गणेश को कभी भी सूखी, टूटी या गंदी दूर्वा ना अर्पित करें। कई लोग बिना साफ की हुई दूर्वा ही पूजा में अर्पित कर देते हैं लेकिन ऐसा करना शुभ नहीं होता है। गणेश जी को दूर्वा करते वक्त किसी के प्रति मन में बुरा ख्याल ना रखें। साथ ही कोशिश करें कि दूर्वा को इधर-उधर ना फेंका जाए। अगर के किसी के पैरों के नीचे पड़ती है तो इसे सही नहीं माना जाता है।

दूर्वा चढ़ाते वक्त बोलें ये मंत्र

भगवान गणेश को दूर्वा अर्पित करते वक्त हमेशा ॐ गं गणपतये नमः मंत्र का जाप करना चाहिए। मान्यता है कि इससे दुर्वा अर्पित करने का लाभ दोगुना मिलता है। इस मंत्र के जाप से भगवान गणेश की विशेष कृपा मिलती है। इस मंत्र के जाप से ना सिर्फ जिंदगी की बाधाएं धीरे-धीरे दूर होने लगती हैं बल्कि हर अटका हुआ काम भी पूरा होने लगता है। बुधवार के दिन इस मंत्र का जाप करने से जिंदगी में पॉजिटिविटी आती है।

डिस्क्लेमर- इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

Garima Singh

लेखक के बारे में

Garima Singh

शॉर्ट बायो: गरिमा सिंह एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में कार्यरत हैं। वह वास्तु, अंक शास्त्र, रत्न शास्त्र, फेंगशुई और राशिफल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं।

परिचय और अनुभव
गरिमा सिंह डिजिटल मीडिया में लंबे समय से सक्रिय हैं। इस समय वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अपने करियर में न्यूज, फीचर और एक्सप्लेनर कंटेंट पर काम किया है। अब वह ज्योतिष से जुड़े विषयों को सरल और व्यावहारिक तरीके से पाठकों तक पहुंचाती हैं। उनके आर्टिकल की खास बात ये है कि वह जटिल ज्योतिषीय बातों को आसान भाषा में समझाने की पूरी कोशिश करती हैं ताकि जिसे एस्ट्रोलॉजी का ए भी नहीं पता है वह भी आसान तरीके से चीजों को समझ सके और उस पर अमल कर सके।

करियर
गरिमा ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत रेडियो चैनल रेड एफएम से की। यहां पर उन्होंने रेडियो से जुड़ी बारिकियों को समझने की कोशिश की और मॉर्निंग शो को प्रोड्यूस करने के साथ-साथ कॉपी राइटिंग का भी काम संभाला। साथ में कई विज्ञापनों में वॉइस ओवर भी दिया। इसके अलावा उन्होंने डीडी न्यूज, जी न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में डिजिटल और टीवी पत्रकारिता को करीब से जाना और समझा। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का यह अनुभव आज उनके डिजिटल राइटिंग और स्टोरीटेलिंग के तरीके को और भी प्रभावशाली बनाता है।

शैक्षणिक पृष्ठभूमि
गरिमा ने साइकोलॉजी, इकोनॉमिक्स और इंग्लिश विषयों में बैचलर ऑफ आर्ट्स (B.A.) की डिग्री प्राप्त की है। इसके बाद उन्होंने इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन दिल्ली और जामिया मिलिया इस्लामिया से टीवी और रेडियो पत्रकारिता की पढ़ाई की है। इस दौरान उन्होंने इंटर्नशिप भी की। वह जामिया मिलिया इस्लामिया की गोल्ड मेडलिस्ट भी रह चुकी हैं।

एस्ट्रोलॉजी लेखन की सोच
गरिमा का मानना है कि ज्योतिष का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को सही दिशा और सकारात्मक सोच देना होना चाहिए। उनका फोकस होता है- सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट। वह शिव पुराण और कई और शास्त्रों की जटिल कथाओं को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। गरिमा वास्तु शास्त्र और न्यूमरोलॉजी के अलावा फेंगशुई की किताबें पढ़ती रहती हैं और वहां की उपयोगी जानकारियों को पाठकों के साथ समय-समय पर साझा करती हैं।

व्यक्तिगत रुचियां
काम के अलावा गरिमा को गार्डनिंग, कुकिंग और टेबल टेनिस खेलना पसंद है। वह कानपुर से ताल्लुक रखती हैं और एक संतुलित जीवनशैली में विश्वास करती हैं।

विशेषज्ञता (Areas of Expertise)
वास्तु शास्त्र
अंक शास्त्र
रत्न शास्त्र
फेंगशुई
हस्तरेखा शास्त्र

और पढ़ें
जानें लेटेस्ट Dharm News, Aaj ka Rashifal और सटीक Panchang की जानकारी। अपनी डेली पूजा के लिए यहाँ पढ़ें Shiv Chalisa, Hanuman Chalisa और Bajrang Baanहिंदू कैलेंडर 2026 की शुभ तिथियों के साथ अपने हर दिन को खास बनाएं!