राखी बांधने से पहले कुछ खाना चाहिए या नहीं? जानें रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त

लाइव हिन्दुस्तान
Follow us on Google News
share

Raksha Bandhan Rituals: आज सावन पूर्णिमा का खास दिन है। आज के ही दिन रक्षाबंधन मनाया जाता है। राखी बांधने से पहले कई लोग कुछ नियमों को लेकर कन्फ्यूज हो जाते हैं। उन्हीं में से एक है कि क्या राखी बांधने से पहले कुछ खाना सही है या नहीं?

Should we eat before raksha bandhan

हर साल सावन के महीने में पड़ने वाली पूर्णिमा तिथि को राखी का त्योहार मनाया जाता है। आज 9 अगस्त है और आज के ही रक्षाबंधन है। ज्योतिष शास्त्र में हर एक तीज-त्योहार को लेकर कई सारी विधियां बताई गई हैं। सेम चीज राखी के त्योहार के साथ भी है। शुभ मुहूर्त से लेकर किस हाथ में राखी बांधने तक कई ऐसे नियम हैं जो सदियों से चले आ रहे हैं। वहीं कुछ लोग इस बात को लेकर भी कन्फ्यूज रहते हैं कि आखिर राखी बांधने से पहले कुछ खाना चाहिए या नहीं? या फिर राखी बांधने के बाद ही कुछ खाया जाए।

राखी बांधने से पहले कुछ खाना चाहिए?

अगर आप कुछ ही देर में भाई को राखी बांधने जा रही हैं और इस सवाल को लेकर कन्फ्यूज हैं? तो बता दें कि धार्मिक मान्यता के अनुसार राखी बांधने से पहले बहनों को कुछ नहीं खाना चाहिए। विधि-विधान के साथ राखी बांधने के बाद ही बहनें भोजन करें तो सही रहता है।

ये भी पढ़ें- Raksha Bandhan Wishes: भाई-बहन के लिए 10 लेटेस्ट विशेज, सातवीं है सबसे खास

रक्षाबंधन का शुभ मुहूर्त

बात की जाए आज रक्षाबंधन के शुभ मुहूर्त की तो वो सुबह से शुरू हो चुका है। आज की सुबह 5 बजकर 35 मिनटे से लेकर दोपहर 1 बजकर 24 मिनट तक राखी बांधने का शुभ मुहूर्त है। इस बीच राखी बांधना सबसे शुभ है। बता दें कि पूर्णिमा तिथि की शुरुआत कर दोपहर से ही गई थी।

ये भी पढ़ें- रक्षाबंधन 2025: दाहिने हाथ में क्यों बांधते हैं राखी? शुभ होता है इतनी गांठ लगाना

राखी बांधते वक्त पढ़ें ये मंत्र

राखी बांधते वक्त कुछ खास नियमों का ध्यान रखना चाहिए। भाई को तिलक लगाने के बाद आरती करें। इसके बाद जब आप राखी बांधे तो भाई को हाथ की मुट्ठी में चावल या दक्षिणा लेने को कहें। इसके बाद आप एक खास मंत्र का उच्चारण करते हुए राखी बांध दें। ये मंत्र हैं- येन बद्धो बलि राजा, दानवेन्द्रो महाबल: तेन त्वाम् प्रतिबद्धनामि रक्षे माचल माचल:। राखी बांधने के बाद भाई को मिठाई खिलाएं और इसके बाद आप भी कुछ खा लें।

Garima Singh

लेखक के बारे में

Garima Singh

शॉर्ट बायो: गरिमा सिंह एक अनुभवी डिजिटल पत्रकार हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में 10 वर्षों का अनुभव है। वर्तमान में वह लाइव हिन्दुस्तान के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन में कार्यरत हैं। वह वास्तु, अंक शास्त्र, रत्न शास्त्र, फेंगशुई और राशिफल से जुड़े विषयों पर लिखती हैं।

परिचय और अनुभव
गरिमा सिंह डिजिटल मीडिया में लंबे समय से सक्रिय हैं। इस समय वह लाइव हिन्दुस्तान (हिन्दुस्तान टाइम्स ग्रुप) के एस्ट्रोलॉजी सेक्शन से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अपने करियर में न्यूज, फीचर और एक्सप्लेनर कंटेंट पर काम किया है। अब वह ज्योतिष से जुड़े विषयों को सरल और व्यावहारिक तरीके से पाठकों तक पहुंचाती हैं। उनके आर्टिकल की खास बात ये है कि वह जटिल ज्योतिषीय बातों को आसान भाषा में समझाने की पूरी कोशिश करती हैं ताकि जिसे एस्ट्रोलॉजी का ए भी नहीं पता है वह भी आसान तरीके से चीजों को समझ सके और उस पर अमल कर सके।

करियर
गरिमा ने अपने पत्रकारिता करियर की शुरुआत रेडियो चैनल रेड एफएम से की। यहां पर उन्होंने रेडियो से जुड़ी बारिकियों को समझने की कोशिश की और मॉर्निंग शो को प्रोड्यूस करने के साथ-साथ कॉपी राइटिंग का भी काम संभाला। साथ में कई विज्ञापनों में वॉइस ओवर भी दिया। इसके अलावा उन्होंने डीडी न्यूज, जी न्यूज जैसे मीडिया संस्थानों में डिजिटल और टीवी पत्रकारिता को करीब से जाना और समझा। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया का यह अनुभव आज उनके डिजिटल राइटिंग और स्टोरीटेलिंग के तरीके को और भी प्रभावशाली बनाता है।

शैक्षणिक पृष्ठभूमि
गरिमा ने साइकोलॉजी, इकोनॉमिक्स और इंग्लिश विषयों में बैचलर ऑफ आर्ट्स (B.A.) की डिग्री प्राप्त की है। इसके बाद उन्होंने इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ मास कम्युनिकेशन दिल्ली और जामिया मिलिया इस्लामिया से टीवी और रेडियो पत्रकारिता की पढ़ाई की है। इस दौरान उन्होंने इंटर्नशिप भी की। वह जामिया मिलिया इस्लामिया की गोल्ड मेडलिस्ट भी रह चुकी हैं।

एस्ट्रोलॉजी लेखन की सोच
गरिमा का मानना है कि ज्योतिष का उद्देश्य डर पैदा करना नहीं, बल्कि लोगों को सही दिशा और सकारात्मक सोच देना होना चाहिए। उनका फोकस होता है- सरल जानकारी, संतुलित सलाह, भरोसेमंद और उपयोगी कंटेंट। वह शिव पुराण और कई और शास्त्रों की जटिल कथाओं को अपने शब्दों में लिखकर पाठकों तक पहुंचाती हैं। गरिमा वास्तु शास्त्र और न्यूमरोलॉजी के अलावा फेंगशुई की किताबें पढ़ती रहती हैं और वहां की उपयोगी जानकारियों को पाठकों के साथ समय-समय पर साझा करती हैं।

व्यक्तिगत रुचियां
काम के अलावा गरिमा को गार्डनिंग, कुकिंग और टेबल टेनिस खेलना पसंद है। वह कानपुर से ताल्लुक रखती हैं और एक संतुलित जीवनशैली में विश्वास करती हैं।

विशेषज्ञता (Areas of Expertise)
वास्तु शास्त्र
अंक शास्त्र
रत्न शास्त्र
फेंगशुई
हस्तरेखा शास्त्र

और पढ़ें
जानें Sawan 2026, Rashifal और Panchang की सटीक जानकारी। रोजाना पूजा-पाठ के लिए पढ़ें Shiv Chalisa, Shiv Aarti, Shiv Mahamrityunjaya Mantra, Shiv Stuti, Hanuman Chalisa और Bajrang Baan
Hindi Newsधर्म न्यूज़रक्षाबंधन से पहले कुछ खाना है या नहीं? जानें क्या है धार्मिक मान्यता