Astro Tips: किन लोगों के लिए शुभ नहीं होता है सोना, जान लीजिए इसे धारण करने नियम और फायदे
सोना देवगुरु बृहस्पति का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि सही तरीके से सोना धारण करने से व्यक्ति के जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य बढ़ता है। हालांकि, यदि कुंडली में ग्रहों की स्थिति अनुकूल न हो तो सोना पहनना नुकसानदायक भी साबित हो सकता है।

ज्योतिष शास्त्र में अलग-अलग धातुओं का खास महत्व बताया गया है। इन्हीं में एक धातु है सोना। सोना देवगुरु बृहस्पति का प्रतीक माना जाता है। मान्यता है कि सही तरीके से सोना धारण करने से व्यक्ति के जीवन में सुख, समृद्धि और सौभाग्य बढ़ता है। हालांकि, यदि कुंडली में ग्रहों की स्थिति अनुकूल न हो तो सोना पहनना नुकसानदायक भी साबित हो सकता है। ज्योतिषीय मान्यताओं के अनुसार कुछ राशियों के लोगों को सोना पहनने से बचने की सलाह दी जाती है, क्योंकि इससे उनके जीवन में आर्थिक परेशानियां और मानसिक तनाव बढ़ सकता है।
किन लोगों को नहीं पहनना चाहिए
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार वृषभ, मिथुन, कन्या, वृश्चिक, कुंभ और मकर राशि के जातकों को सोना पहनते समय विशेष सावधानी रखने की सलाह दी जाती है। मान्यता है कि वृषभ और मिथुन राशि के लोगों के लिए सोना मानसिक तनाव और अशांति बढ़ा सकता है। वहीं कन्या और मकर राशि वालों को इससे आर्थिक समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा कुंभ और वृश्चिक राशि के जातकों के लिए सोना स्वास्थ्य संबंधी परेशानियां और रिश्तों में तनाव का कारण बन सकता है।
इनके लिए होता है शुभ
दूसरी ओर, मेष, कर्क, सिंह, धनु और मीन राशि वालों के लिए सोना पहनना बहुत शुभ माना जाता है। मेष राशि के लोगों में यह साहस और ऊर्जा बढ़ाता है, जबकि सिंह राशि वालों के लिए यह सुख और समृद्धि लाता है। धनु और मीन राशि के स्वामी ग्रह बृहस्पति हैं, इसलिए इन राशियों के लिए सोना पहनना राजयोग जैसा प्रभाव देता है, जिससे मान-सम्मान और करियर में उन्नति होती है।
सोना पहनने के खास नियम
सोना पहनते समय उसकी शुद्धता और सही अंगुली का ध्यान रखना जरूरी है।
अगर अंगूठी पहन रहे हैं, तो इसे अनामिका या तर्जनीमें पहनना सबसे उत्तम माना जाता है।
पैरों में सोना नहीं पहनना चाहिए, क्योंकि इसे बृहस्पति का अपमान माना जाता है।
पैरों में सोना पहनने से जीवन में दरिद्रता आने की संभावना मानी जाती है।
सोने को लोहे या एल्युमीनियम के साथ मिलाकर या साथ में पहनने से बचना चाहिए।
किस दिन करें धारण
गुरु से संबंधित होने के कारण सोने को गुरुवार के दिन धारण करना शुभ माना जाता है। वहीं, इसे धारण करने से पहले शुद्धि करना जरूरी माना जाता है।
सोना पहने से लाभ
- ज्योतिष मान्यताओं के अनुसार सोना धारण करने से मान-सम्मान में वृद्धि होती है और सरकारी कार्यों में सहयोग मिलने की संभावना बढ़ती है।
- वैवाहिक जीवन में सुख-शांति और मधुरता बनाए रखने के लिए गले में सोने की चेन पहनना शुभ माना जाता है।
- संतान सुख की कामना रखने वाले लोगों को अनामिका उंगली में सोना धारण करने की सलाह दी जाती है।
- सोना शरीर में ऊर्जा और गर्माहट बढ़ाने वाला माना जाता है, साथ ही यह नकारात्मक प्रभावों को कम करने में सहायक माना जाता है।
- सर्दी, जुकाम या सांस संबंधी समस्याओं से परेशान लोग कनिष्ठा उंगली में सोना पहन सकते हैं।
- ज्योतिष शास्त्र के अनुसार कमजोर या दुबले-पतले शरीर वाले लोगों के लिए सोना धारण करना लाभकारी माना गया है।
डिस्क्लेमरः इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम यह दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य एवं सटीक हैं। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।
लेखक के बारे में
Dheeraj Palसंक्षिप्त विवरण:
धीरज पाल को पत्रकारिता के क्षेत्र में 7 साल का अनुभव है। लाइव हिन्दुस्तान में काम करते हुए इन्हें 4 साल हो गए हैं। धीरज एजुकेशन रिपोर्टर के तौर पर काम कर चुके हैं। अपने करियर के दौरान धीरज ने राजनीति समाचार, एजुकेशन बीट के लिए ग्राउंड रिपोर्टिंग भी की है।
शैक्षणिक पृष्ठभूमि
धीरज ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से बीए इन मीडिया स्टडीज और राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय प्रयागराज से जनसंचार एवं पत्रकारिता से परास्नातक की पढ़ाई की। धीरज पाल ने अपने पत्रकारिता कर की शुरुआत एपीएन न्यूज चैनल से की। इसके बाद उन्होंने लोकमत न्यूज हिंदी और एनडीटीवी जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम किया। हिंदुस्तान लाइव में यूपी बोर्ड से लेकर उन्होंने लोकसभा चुनाव कवर करने साथ-साथ खेल जैसे बीट पर काम किया। अब इनका एकमात्र उद्देश्य करियर और एजुकेशन से जुड़ी रुचिगत, सरल, प्रमाणिक और पाठक-हितैषी रूप में प्रस्तुत करना है।
व्यक्तिगत रुचियां
उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के निवासी धीरज पाल को पत्रकारिता और ज्योतिषीय अध्ययन के साथ-साथ घूमने, किताबें पढ़ने और क्रिकेट खेलने का शौक है।
व्यक्तिगत रुचियां
उत्तर प्रदेश के भदोही जिले के निवासी धीरज पाल को पत्रकारिता के साथ-साथ घूमने, किताबें पढ़ने और क्रिकेट खेलने का शौक है।


