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यूपी: अभी सिर्फ लखनऊ में चलेगी मेट्रो, इन दो शहरों का प्रस्ताव केंद्र ने लौटाया

वाराणसी

केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी और औद्योगिक नगरी कानपुर मेट्रो रेल परियोजना का प्रस्ताव लौटा दिया है। केंद्र ने नई मेट्रो नीति 2017 के अनुसार प्रस्ताव मांगा है। इससे वाराणसी, कानपुर के साथ मेरठ,आगरा, इलाहाबाद व गोरखपुर मेट्रो रेल परियोजना लटक सकती है।
खड़ा हुआ संकट
यूपी के सात शहरों लखनऊ के साथ वाराणसी, कानपुर, मेरठ, आगरा, इलाहाबाद व गोरखपुर में मेट्रो रेल परियोजना पर काम चल रहा है। सरकार ने वाराणसी व कानपुर मेट्रो रेल परियोजना के लिए डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) बनाते हुए केंद्र सरकार को भेजी थी। केंद्र से मंजूरी के बाद ही मेट्रो परियोजना शुरू हो सकती है। केंद्र सरकार ने इस बीच नई मेट्रो नीति बना दी। इसमें मेट्रो चलाने के लिए शहरी आबादी 20 लाख होने के साथ पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (पीपीपी) माडल अपनाना जरूरी कर दिया गया। यूपी में मेट्रो रेल परियोजना के लिए पुराने पैटर्न पर डीपीआर बनाया गया है। नई नीति से यूपी में मेट्रो रेल परियोजना लटक सकती है।
बनाना होगा नया डीपीआर
यूपी में सात शहरों में मेट्रो रेल चलाने की योजना है। लखनऊ में पहले चरण में मेट्रो रेल चलने लगी है। वाराणसी व कानपुर का डीपीआर बनाकर केंद्र को भेजा गया था। मेरठ व आगरा में मेट्रो रेल परियोजना के लिए डीपीआर बन चुका था और जल्द ही कैबिनेट मंजूरी के लिए रखा जाना था। इलाहाबाद व गोरखपुर मेट्रो रेल परियोजना के लिए डीपीआर बनाने का काम चल रहा है। केंद्र के नए दिशा-निर्देश के आधार पर अब वाराणसी, कानपुर, मेरठ व आगरा मेट्रो रेल परियोजना के लिए नए सिरे से डीपीआर बनाना होगा।
जल्द मांगा गया प्रस्ताव
केंद्र सरकार के दिशा-निर्देश के आधार पर यूपी में मेट्रो रेल परियोजना के लिए डीपीआर बनवाने की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। प्रमुख सचिव आवास मुकुल सिंघल ने इस संबंध में संबंधित विकास प्राधिकरण के अधिकारियों को संशोधित डीपीआर बनाते हुए जल्द भेजने को कहा है। 

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  • Web Title:Center government returns Varanasi and Kanpur metro offer
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