class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

किसी की नजर में रामनाथ तो किसी ने मीरा सबसे बेहतर उम्मीदवार बताया

हृदय नारायण दीक्षित (विधानसभा अध्यक्ष)- मैंने वोट किसे किया यह मैं बताने वाला नहीं लेकिन पूरे देश में स्पष्ट हो चुका है कि रामनाथ कोविंद प्रचंड वोट से जीत रहें हैं। रही बात क्रास वोटिंग का तो वही इसके बारे में ज्यादा बता सकेंगे जिन्होंने क्रास वोटिंग किया है। वैसे पूरे देश में श्री कोविंद को रिकार्ड बहुमत मिलने जा रहा है। उमा भारती (केन्द्रीय जल संसाधन मंत्री)- एनडीए उम्मीदवार रामनाथ कोविंद की जीत तय है। जीत का अन्तर भी इतना ज्यादा होगा। इस चुनाव का निर्णय क्या होगा यह सभी को मालूम है, बस जीत का अन्तर देखना रह गया है। विपक्ष के क्रास वोटिंग के सवाल का जवाब विपक्ष के ही लोग दें तो अच्छा रहेगा।श्रीकान्त शर्मा (मंत्री, ऊर्जा विभाग) - हमने सभी दलों का आह्वान किया था कि यह सुनहरा अवसर है दलगत राजनीति से ऊपर उठ देश के प्रथम नागरिक का एकमत हो चुनाव करे। यूपी के एक गरीब परिवार के व्यक्ति को देश के सर्वोच्च पद पर बैठाने के लिए साथ आने की अपील की लेकिन विपक्ष ने अपना प्रत्याशी उतार दिया। एनडीए उ‌ममीदवार रिकार्ड वोट से जीत रहे हैं।अदिति सिंह (विधायक कांग्रेस)- इतने बड़े चुनाव में वोट डालने का मुझे मौका मिला मेरे लिए यह गर्व की बात है। पार्टी लाइन का अनुसरण कर मैंने मीरा कुमार वोट दिया है। क्रास वोटिंग की आशंक़ा नहीं के बराबर है क्योंकि विपक्ष में कहीं कोई दरार नहीं है। सभी एकजुट होकर राजनीतिक व सामाजिक कार्यों में शिद्धहस्त मीरा को अपना समर्थन दे रहे हैं। डा. सिद्धार्थनाथ सिंह (मंत्री,चिकित्सा एवं स्वास्थ्य)- एनडीए उम्मीदवार रामनाथ कोविंद को बाहरी वोटरों का भी भरपूर समर्थन मिल रहा है। यूपी में तो यह सबसे अधिक हो रहा है क्योंकि तमाम विपक्ष के लोग अपने विवेक का इस्तेमाल कर रहे हैं और पार्टी लाइन को दरकिनार कर रामनाथ कोविंद को वोट दे रहे हैं। रानाथ रिकारड वोटों से जीतेंगे।धर्मपाल सिंह (सिंचाई एवं जल संसाधन मंत्री)- सामाजिक मान्यताएं एवं सामाजिक दृष्टकोणों को ध्यान में रखकर ही नडीए ने रामनाथ कोविंद को अपना उम्मीदवार घोषित किया है। कई विपक्षी भी उनके व्यक्तित्व से प्रभावित हैं लिहाजा एक़तरफा मतदान हो रहा है। रामनाथ कोविंद रिकार्ड मतों से जीत रहे हैं। इसमें ब कोई संशय नहीं रह गया है।आजम खान (वरिष्ठ सपा नेता)- जब तक हम किसी पार्टी में हैं हमें उस परर्टी की राय माननी चाहिए। मैं भी पार्टी की मीटिंगों में कुछ समय से नहीं गया हूं लेकिन अखबारों व टीवी के माध्यम से मुझे पार्टी का स्टैण्ड पता चल गया और मैंने उसी स्टैण्ड के तहत पार्टी द्वारा समर्थित उम्मीदवार को वोट किया है। जब तक शिवपाल पार्टी में हैं तब तक उन्हें पार्टी की नीतियों के अनुसार वोट करना चाहिए।
  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:sum person are victrys of meera and
सावन के दूसरे सोमवार को शिवालयों में लगी भीड़घाघरा ने कटान की तेज, नदी में समाया खेत व मकान