मदरसा अशरफुल मदारिस

अब सहरी के लिए नहीं जगाते अशरफुल मदारिस के सायरन

देश-विदेश में अपनी शिक्षा के लिए मशहूर शहर के अशरफुल मदारिस ने रमजान-उल-मुबारक के मुकद्दस महीने में अनोखी पहल की है। पिछले करीब पांच दशक से ज्याद समय से रमजान में सहरी के समय बजने वाले सायरन को...

पप्पू: सर लोग हिंदी या इंग्लिश में ही बात करते है...

पप्पू: सर लोग हिंदी या इंग्लिश में ही बात करते है। मैथ्स में क्यों नही..?

टीचर: ज्यादा 3-5 न कर, 9-2-11 हो जा, वरना 5-7 खीच के दूंगा,
6 के 36 नज़र आयेंगे और 32 के 32 बहार आ जायेंगे।

पप्पू: सर, हिंदी और इंग्लिश ही ठीक है। मैथ्स वाकई खोफनाक सब्जेक्ट है।