class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

आयरलैंड ने सविता मामले से ली सीख, बनाएगा कानून

आयरलैंड ने सविता मामले से ली सीख, बनाएगा कानून

भारतीय दंत चिकित्सक सविता हलप्पनावर की मौत के कई सप्ताह बाद आयरलैंड ने मंगलवार को घोषणा कि मां की जिंदगी जोखिम में होने की स्थिति में वह गर्भपात को कानूनी रूप से मान्य करार देगा।

यह फैसला 31 वर्षीय सविता की मौत को लेकर हर ओर हो रही आयरलैंड की कड़ी आलोचना के बाद आया है। गालवे यूनिवर्सिटी अस्पताल में 28 अक्तूबर को सविता की इसलिए मौत हो गई थी कि स्थिति खराब होने के बावजूद उसे गर्भपात की अनुमति नहीं मिली थी। वह 17 सप्ताह की गर्भवती थी और रक्तस्राव से जूझ रही थी।

सविता के पति ने कहा था कि उन्होंने पत्नी का गर्भपात कराने के लिए बार बार अनुरोध किया लेकिन फिर भी अनुमति नहीं मिली। उससे कहा गया है कि गर्भस्थ भ्रूण के दिल की धड़कन चल रही है तथा कैथोलिक देश होने के नाते आयरलैंड गर्भपात की इजाजत नहीं दे सकता।

टेलीग्राफ ने खबर दी है कि आयरलैंड सरकार ने उस कानून को निरस्त करने का निर्णय लिया है जो गर्भपात को आपराधिक कृत्य ठहराता है। सरकार ने ऐसे भी नियम लाने का फैसला किया है कि महिला की जान जोखिम में रहने की स्थिति में डाक्टर उसका गर्भपात कर सकते हैं।

अखबार के अनुसार स्वास्थ्य मंत्री डॉ जेम्स रीली ने कहा कि मैं जानता हूं कि ज्यादातर लोगों की इस मामले पर निजी राय है। लेकिन सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए कटिबद्ध है कि आयरलैंड में गर्भवती महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित हो। हम उनकी देखभाल का अपना कर्तव्य पूरा करेंगे।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:आयरलैंड ने सविता मामले से ली सीख, बनाएगा कानून