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विनोबा भावे विश्वविद्यालय में इस्टर्न जोन टीचर्स मीट शुरू

हजारीबाग निज प्रतिनिधि First Published:23-09-2016 06:58:00 PMLast Updated:23-09-2016 07:00:26 PM

विकास के लिए भौतिक ही नहीं बल्कि नैतिक व अध्यात्मिक विकास जरूरी है। यह बात बतौर मुख्य अतिथि पूर्व सांसद व पूर्व कुलपति प्रो रामजी सिंह ने शुक्रवार को विनोबा भावे यूनिवर्सिटी में आयोजित तीन दिवसीय इस्टर्न जोन टीचर्स मीट सह सेमिनार में कही। उन्होंने सेमिनार के विषय आइडेनटीटी, ऑटोनोमी व डवलपमेंट पर प्रकाश डालते हुए स्वयतत्ता को स्वतंत्रता से जोड़ते हुए कहा कि विवेकशील व जागरूक मानव के लिए सार स्वरूप है। अस्मिता व स्वतंत्रता के बिना विकास की अवधारणा बेमानी है। प्रो सिंह ने भारतीय अध्यात्मिक चिंतन परंपरा, संस्कृति, पहचान, स्वायतत्ता, सर्व समावेशी न्यायपूर्ण विकास आदि बिंदुओं पर विस्तार से विचार रखते हुए कहा कि अस्मिता व्यक्ति और सामुहिक जीवन में आधारभूत महत्व रखता है।

अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो गुरदीप सिंह ने कहा कि हमारे देश में फिलॉस्फी एक प्रतिष्ठित विषय रहा है। इसी कारण शोध कार्य चाहे कोई भी विषय रखकर किया जाता है, लेकिन उन्हें उपाधि डॉक्टर ऑफ फिलॉस्फी के रूप में ही दिया जाता है। कुलपति ने सेमिनार के विषय आइडेनटीटी, ऑटोनोमी एंड डवलपमेंट पर प्रकाश डालते हुए कहा कि अस्मिता, स्वयतत्ता व विकास की अवधारणाएं पूरक है। उन्होंने अपने व्यक्तिगत जीवन और देश-विदेश में गुजारे क्षण व अनुभव को शेयर किया।

प्रतिकुलपति प्रो एमपी सिन्हा ने कहा कि आज विज्ञान, तकनीकी, भौतिक प्रगति के दौर में यह अत्यंत चिंत का विषय है कि मूल्यों एवं संस्कार के संवाहक दर्शनशास्त्र के प्रति आकर्षण बढ़े और अधिक से अधिक नामांकन इस विषय में हो।

कार्यक्रम के दौरान डॉ यामिनी सहाय द्वारा लिखित पुस्तक द प्रोग्रेस ऑफ जस्टिस, डॉ ओमप्रकाश मेहता द्वारा लिखित भारतीय पर्यावरणीय आचारशास्त्र का विमोचन मुख्य अतिथि, कुलपति, प्रतिकुलपति के द्वारा किया गया। साथ ही मुख्य अतिथि गांधीवादी विचारक प्रो सिंह को कुलपति व प्रतिकुलपति ने शॉल व मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया गया।

इससे पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ आरकेएस चौधरी ने स्वागत भाषण दिया और आयोजन सचिव डॉ यामिनी सहाय ने विषय प्रवेश कराया। संचालन डॉ सुकल्याण मोइत्रा व धन्यवाद ज्ञापन डॉ विपीन कुमार ने किया। मौके पर विभिन्न विभागों के हेड, टीचर्स व छात्र-छात्राएं मौजूद थे।

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