class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

औरंगाबाद में मां की मौत पर आंसू बहाने की जगह लगाया कदंब का पेड़

दाउदनगर प्रखंड की सिंदुवार पंचायत अंतर्गत अंगराही से सटे गुली बिगहा में एक महिला तेतरी कुंवर की मौत हो गई तो बेटे ने याद स्वरुप कदंब का पेड़ लगाया और उसकी रक्षा का संकल्प ले लिया। आंसू बहाने की जगह बेटे ने पेड़ लगाने निर्णय लिया।

भारी गरीबी के बीच जहां दो जून की रोटी के लाले पड़े थे वहां शिक्षक की प्रेरणा ने परिजनों का पेड़ लगाने के लिए प्रेरित किया। जानकारी के अनुसार रामजीत राजवंशी की मां तेतरी कुंवर का निधन बीमारी से हो गया था। इसके बाद परिजन दाह संस्कार की तैयारी में जुटे हुए थे। इस टोले से सटे गुली बीघा के शिक्षक गौतम सिन्हा ने उन्हें इस बात के लिए प्रेरित किया कि वह पेड़ लगाकर अपनी मां को श्रद्घांजलि दें। दाह संस्कार से पहले मृतक के परिजनों ने और बेटे रंजीत राजवंशी तथा लक्ष्मण राजवंशी ने पांच पौधे लगाए जिसमें स्कूली बच्चों ने भी सहयोग किया।

पेड़ को बांस के गैवियन से घेरा भी गया ताकि पेड़ सही सलामत रह सकें। पेड़ लगाने के बाद रंजीत ने कहा कि उसकी मां हर बुरे समय में उसके साथ रही और यह पेड़ उनकी ममतामयी छाया की तरह हर समय मौजूद रहेगा। शिक्षक गौतम सिन्हा ने कहा कि उनका प्रयास है कि इस इलाके में लोग जागरूक हो और वर्तमान चुनौतियों के हिसाब से तैयार रहें।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Aurangabad in tears over the death of the mother instead of the Kadamba tree planted