class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

कोयले की किल्लत के बीच कांटी थर्मल चालू

कोयले के अभाव में बंद पड़ी थर्मल पावर की दोनों यूनिट में से एक को गुरुवार को लाइटअप किया गया। दस दिनों के बाद थर्मल के किसी यूनिट से बिजली उत्पादन शुरू हो रहा है। कोयले की कमी के कारण दूसरी यूनिट जहां अभी भी बंद है, वहीं चालू यूनिट के लिए थर्मल के पास कोयले का एक सप्ताह का ही स्टॉक है।

कांटी बिजली उत्पादन निगम प्रबंधन की ओर से बार-बार उत्पादन बंद होने के पीछे कोयले की किल्लत बतायी जा रही है। 22 नवम्बर को दोनों यूनिट बंद हो गई थी। एक पूर्व से बंद था। इस वजह से थर्मल में बिजली उत्पादन शून्य हो गया था। राज्य सरकार से बिल वसूली के अभाव में थर्मल कोयले की कमी से लगातार जूझ रहा है। बार-बार इसकी यूनिटें बैठ रही हैं। इससे पहले 15 सितम्बर व चार अगस्त को भी दोनों यूनिटें एक साथ बंद हो गई थीं। एक सप्ताह बाद इनसे फिर उत्पादन शुरू किया गया था। जुलाई में भी कोयले के अभाव में यहां की दोनों यूनिटें ठप हो गई थीं।

उत्पादित बिजली की कीमत के लिए थर्मल पावर बिहार राज्य बिजली बोर्ड पर निर्भर है, जहां से उसे नियमित भुगतान नहीं हो रहा है। प्लांट के बार-बार बंद होने के पीछे कोयला मंगाने के लिए रुपये की किल्लत बतायी जाती रही है। फिलहाल एक रैक कोयला आने के बाद बिजली उत्पादन शुरू हो रहा है। यदि एक सप्ताह के अंदर और कोयला नही मंगाया गया तो प्लांट फिर से बंद हो जाएगा। केबीयूएनएल प्रबंधन ने बिजली विभाग से बकाया राशि की मांग की है।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:Kanti thermal coal shortage between current
From around the web