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तनख्वाह के दिन भी लोगों की जेब खाली, बाजार सूने

तनख्वाह के दिन भी लोगों की जेब खाली, बाजार सूने

एक तारीख, दिसंबर 2016 की वास्तव में 'तारीख' (इतिहास) बन गई। यह तनख्वाह-पेंशन मिलने की तारीख होती है। इस बार भी खाते में तनख्वाह-पेंशन तो आई लेकिन बैंकों में कैश ठंडा होने के कारण लोगों की जेबें गरम नहीं हो पाईं। हर किसी की चाहत 24 हजार की थी लेकिन मिले चार भी नहीं। कर्मचारी तो मन-मसोस कर घर लौट गए लेकिन कई-कई दिनों से खाते से पैसा निकालने आए लोगों का जगह-जगह गुस्सा फूटा। कई जगह बैंककर्मियों को बंधक बना लिया गया। जाम लगाए गए। पुलिस ने जैसे-तैसे स्थिति संभाली।

मेरठ के गंगानगर के एक्सिस बैंक में कर्मचारियों ने आईआईएमटी के असिस्टेंट प्रोफेसर और स्टोर कीपर को पीट दिया। इसके विरोध में प्रोफेसरों ने थाने पर हंगामा कर कार्रवाई की मांग की। दबथुवा में ओरिएंटल बैंक पर लोगों ने ताला लगाकर मैनेजर को बंधक बना लिया। धरने पर बैठे किसानों ने बैंक के बाहर भट्ठी चढ़ा दी।

आरबीआई से नहीं मिला कैश, बैंकों में दिन भर मची मारा-मारी

बिजनौर जिला गुरुवार को कैशलेस रहा। जिले में है कुल छह करेंसी चेस्ट हैं जिनमें किसी में भी पैसा नहीं था। धामपुर में बैंक के आगे लाइन में खड़े खड़े कुछ लोग थक गए तो उन्होंने अपनी जगह नाम लिखकर पत्थर रख दिया। सहारनपुर में एसबीआई ने टोक सिस्टम किया। लिहाजा बैंक के बाहर भीड़ तो नहीं दिखी लेकिन पैसा किसी को नहीं मिल पाया।

बुलंदशहर में भी पहले दिन तनख्वाह नहीं निकल सकी। बागपत के बड़ौत में पंजाब नेशनल बैंक पर गुस्साए लोगों ने धावा बोल दिया। आक्रोशित लोगों से जान बचाकर बैंककर्मी कोतवाली पहुंच गए। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बैंककर्मियों को सुरक्षा देकर बैंक खुलवाया। शामली के कैराना में पंजाब नेशनल बैंक पर हंगामा कर पानीपत खटीमा मार्ग पर लोगों ने जाम लगाया। थानाभवन में यूनियन बैंक के सामने सहारनपुर-दिल्ली मार्ग पर जाम लगाया।

आगरा में आक्रोशित लोगों ने दो बैंकों में शीशे तोड़ डाले। लोगों ने नारेबाजी की। आगरा-जगनेर मार्ग पर जाम लगा दिया। फिरोजाबाद के सिंटीकेंट बैंक राजा का ताल में बैंक कर्मियों को बंधक बना लिया। हंगामा करते लोगों ने बैंक कर्मियों से अभद्रता की और फिर जाम लगा दिया। एमजी कालेज पर महिला से बैंक कर्मी ने अभद्रता कर दी। अलीगढ़ में एएमयू कर्मियों न वेतन न मिलने एएमयू कर्मियों ने जाम लगा दिया। मुरादाबाद, अमरोहा, रामपुर, संभल के कई बैंकों के बाहर लोगों ने हंगामा किया। पुलिस को भी खरी-खरी सुनाई।

 

इनसेट

हापुड़ की गुड़-धान मंडी बंद

हापुड़। नोटबंदी के खिलाफ पश्चिम के सबसे बड़ी गुड़ और धान मंडी बंद हो गई है। कई दिनों से यहां खरीद-फरोख्त प्रभावित है। गुरुवार को व्यापारियों ने व्यापार बिल्कुल ठप होने का हवाला देते हुए मंडी में खरीद-फरोख्त बंद कर दी। गढ़ रोड स्थित नवीन मंडी के व्यापारी एकत्रित हुए और नोटबंदी के विरोध में केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। गुड़ गल्ला व्यापार समिति के अध्यक्ष संजीव कुमार का कहना है कि व्यवस्था में सुधार नहीं होने तक मंडी बंद रहेगी।

 

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  • Web Title:No Cash in banks on pay-pention day