शुक्रवार, 31 अक्टूबर, 2014 | 21:08 | IST
  RSS |    Site Image Loading Image Loading
ब्रेकिंग
विद्या प्रकाश ठाकुर ने भी राज्यमंत्री पद की शपथ लीदिलीप कांबले ने ली राज्यमंत्री पद की शपथविष्णु सावरा ने ली मंत्री पद की शपथपंकजा गोपीनाथ मुंडे ने ली मंत्री पद की शपथचंद्रकांत पाटिल ने ली मंत्री पद की शपथप्रकाश मंसूभाई मेहता ने ली मंत्री पद की शपथविनोद तावड़े ने मंत्री पद की शपथ लीसुधीर मुनघंटीवार ने मंत्री पद की शपथ लीएकनाथ खड़से ने मंत्री पद की शपथ लीदेवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली
मानकों पर खरी नहीं उतरती महिला हेल्पलाइन
First Published:20-12-12 10:39 PM

नई दिल्ली,पंकज रोहिला

मुसीबत में फंसी महिलाएं वक्त पड़ने पर कहां शिकायत करें यह खुद दिल्ली की महिलाएं भी नहीं जानती हैं। हालांकि दिल्ली में खासतौर पर महिलाओं के लिए विशेष हेल्पलाइन चलाई जा रही है। कोई भी महिला 1091 डॉयल कर अपनी शिकायतों का हल जान सके, इसके लिए यह हेल्पलाइन चलाई जाती है। दिल्ली सरकार द्वारा कराए गए एक सर्वे में यह सामने आया है कि दिल्ली की 50 प्रतिशत महिलाओं को हेल्पलाइन के बारे में जानकारी नहीं है।

ये सर्वे दिल्ली की करीब 200 महिलाओं पर किया गया है। देश में हाईटेक तकनीक आ जाने के बाद सभी एजेंसियां अपने-अपने कॉल सेंटर को अत्याधुनिक बना रही हैं। यही वजह है कि जब आप किसी कॉल सेंटर पर शिकायत के लिए फोन करते हैं तो उपभोक्ता को एक के बाद एक सवालों का जवाब मिलता जाता है, लेकिन जब कोई महिला हेल्पलाइन नंबर पर फोन करती है तो उसे उस तरह की मदद नहीं मिलती जिसकी आस से वह फोन करती है।

ऐसे में महिला पीड़ित होन के बाद भी खुद को असुरक्षित मानती है। दिल्ली सरकार द्वारा किए गए इस सर्वे में यह भी सामने आया है कि पुलिस की ट्रेनिंग कराई जानी चाहिए। इसके लिए पुलिस कंट्रोल रूम कक्ष में भी नगिरानी की गई है। सूत्रों ने बताया कि यह भी सामने आया है कि हिन्दी के अतिरिक्त किसी अन्य भाषा में यदि कोई पीड़ित कॉल करता है तो उसे भी दिक्कत उठानी पड़ती है। इसके अतिरिक्त पुलिस कंट्रोल रूम में कार्यरत पुलिसकर्मियों को बार-बार बदला जाता है इसलिए वे इस कार्य के लिए निपुण नहीं होते।

जांच में यह भी सामने आया है कि कंट्रोल रूम में तैनात पुलिसकर्मियों का मानना है कि उनका काम सिर्फ कॉल लेना है न की शिकायत दर्ज करना है। दिल्ली सरकार का मानना है कि इस व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए पुलिसकर्मियों को विशेष ट्रेिनग दी जानी चाहिए जिससे ये हेल्पलाइन एनजीओ संगठन की तरह अपनी सेवाएं दे सके। इसके लिए जल्द ही दिल्ली सरकार द्वारा पुलिस आयुक्त से सिफारशि की जाएगी ताकि इन खामियों को दूर किया जा सके।

 
 
 
 
टिप्पणियाँ