बुधवार, 01 जुलाई, 2015 | 02:52 | IST
 |  Site Image Loading Image Loading
Image Loading    'मेंढक' को है आपकी दुआओं की जरूरत, कोमा में है आपका चहेता किरदार सुनंदा पुष्कर केस में शशि थरूर का लाइ डिटेक्टर टेस्ट कराने की तैयारी में जुटी पुलिस शर्मनाक: सीरिया में आईएस ने दो महिलाओं का सिर कलम किया उपचुनाव में रिकॉर्ड डेढ लाख वोटों के अंतर से जीतीं जयलिलता, सभी विरोधी उम्मीदवारों की जमानत जब्त धौलपुर महल विवाद: कांग्रेस ने राजे के खिलाफ नए सबूत पेश किए, भाजपा बोली, छवि बिगाड़ने की साजिश ट्विटर पर जॉन ने खोली 'वेलकम बैक' की रिलीज़ डेट, आप भी जानिए बांग्लादेश में उड़ा टीम इंडिया का मजाक, इन क्रिकेटरों को दिखाया आधा गंजा गांगुली ने टीम इंडिया में हरभजन की वापसी का किया स्वागत रोहित समय के पाबंद हैं, उनके साथ काम करना मुश्किल: शाहरूख खान तेंदुलकर ने अजिंक्य रहाणे को दीं शुभकामनाएं
एनआरएचएम घोटाला: गवाह ने दिया बयान
First Published:04-12-12 10:43 PM

गाजियाबाद। वरिष्ठ संवाददाता

एनआरएचएम घोटाले के एक गवाह ने कोर्ट में बताया कि लखनऊ के माल एवेन्यू स्थित एक बंगले में 42 लाख रुपये एक आईएएस अफसर को दिए गए थे। गवाह ने कोर्ट में जिरह के दौरान कहा कि जब भी वह बाबू सिंह कुशवाहा से मिलने जाता था तो कुशवाहा के साथ विधायक आरपी जायसवाल भी होते थे। मंगलवार को कोर्ट में एनआरएचएम घोटाले में गवाह सर्जिकोन कंपनी के लाइजनिंग अधिकारी गिरीश मलिक से बाबू सिंह कुशवाहा तथा पीके जैन के अधविक्ताओं ने जिरह की।

जिरह के दौरान गिरीश मलिक ने कहा कि वह कई बार बाबू सिंह कुशवाहा से मिला था तथा अधिकतम एक घंटे तक उनके पास रहा था। मुलाकात कुशवाहा के ड्राइंग रूम में होती थी। जल निगम की सी एंड डीएस के एमडी पीके भूकेश ने पीके जैन से कहा था कि जिन अस्पतालों में कार्य होना है उनका सर्वे कराने की कोई जरूरत नहीं है और एक तरह का ही सामान सभी अस्पतालों में दे दिया जाए। ताकि ज्यादा से ज्यादा लाभ हो सके।

उसने बताया कि नवंबर 2009 में पीके जैन ने उनसे कहा था कि मंत्री जी के हिस्से के 42 लाख रुपये नहीं दिए गए हैं। इसलिए एक सप्ताह में उसकी व्यवस्था कर दो। नवंबर में ही 42 लाख रुपये पीके जैन को दिए गए और पीके जैन ने यह 42 लाख रुपये एक आईएएस अफसर को माल एवेन्यू स्थित एक बंगले में दिए थे।

 
 
 
 
 
जरूर पढ़ें
क्रिकेट
क्रिकेट स्कोरबोर्ड