गुरुवार, 02 जुलाई, 2015 | 01:41 | IST
 |  Site Image Loading Image Loading
Image Loading    अब मोबाइल फोन से डायल हो सकेगा लैंडलाइन नंबर गोद से गिरी बच्ची, बचाने के लिए मां भी चलती ट्रेन से कूदी बलात्कार मामलों में कोई समझौता नहीं, औरत का शरीर उसके लिए मंदिर के समान होता है: सुप्रीम कोर्ट अब यूपी पुलिस 'चुड़ैल' को ढूंढेगी, जानिए क्या है पूरा मामला  खुलासा: एक रुपया तैयार करने का खर्च एक रुपये 14 पैसे दार्जिलिंग: भूस्‍खलन के कारण 38 लोगों की मौत, पीएम ने जताया शोक, 2-2 लाख रुपये मुआवजे का ऐलान यूनान ने किया डिफॉल्ट, नहीं चुकाया अंतरराष्ट्रीय मुद्राकोष का कर्ज विकी‍पीडिया पर नेहरू को मुस्लिम बताये जाने पर भड़की कांग्रेस, पूछा अब क्या कार्रवाई करेगी मोदी सरकार PHOTO: जब मंत्रीजी ने पकड़ी लेडी डॉक्टर की कॉलर और बोले... ललित मोदी के ट्वीट पर बवाल, भाजपा नहीं करेगी वरुण गांधी का बचाव
अल्पमत में आई मुंडा सरकार, झामुमो ने लिया समर्थन वापस
रांची, एजेंसी First Published:07-01-13 06:56 PMLast Updated:08-01-13 11:16 AM
Image Loading

झारखंड मुक्ति मोर्चा के अध्यक्ष शिबू सोरेन ने सोमवार को कहा कि उनकी पार्टी ने सर्वसम्मति से अर्जुन मुंडा के नेतृत्व वाली राज्य सरकार से अपना समर्थन वापस लेने का निर्णय किया है। उन्होंने कहा कि अपने 18 विधायकों के समर्थन वापसी का पत्र वह कल राज्यपाल से मिलकर उन्हें सौंप देंगे।

लगातार आज दूसरे दिन झामुमो कार्यकारिणी और कोर समूह के बीच पूरे दिन चले मंथन के दौर के बाद देर शाम सवाददाताओं से पार्टी अध्यक्ष शिबू सोरेन ने यह बात कही।

सोरेन ने कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा ने सरकार से समर्थन वापस लेने का फैसला किया है। आज देर हो गयी है। इसलिए कल राज्यपाल से मिलकर समर्थन वापसी का पत्र उन्हें पार्टी सौंप देगी।

शिबू सोरेन इसके अलावा और कोई टिप्पणी करते इससे पूर्व ही उन्हें उनके पुत्र और उपमुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मीडिया के सामने से उठा लिया और अपने साथ भीतरी कक्ष में लेते गये।

इससे पूर्व झामुमो विधायक दल के नेता और राज्य के उपमुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि उनकी पार्टी ने कल भाजपा के प्रदेश प्रभारी धर्मेंद्र प्रधान से फोन पर अपनी बातें रखीं थीं, जिनमें उन्होंने भाजपा से राज्य में अपना नेतृत्व परिवर्तन करने का भी सुझाव दिया था, लेकिन उस पर कोई बात नहीं बनी।

उन्होंने बताया कि भाजपा के सांसद निशिकांत दूबे लगातार झामुमो प्रमुख शिबू सोरेन के खिलाफ अनर्गल प्रलाप करते रहे हैं, जिसे लेकर पार्टी में जबर्दस्त असंतोष रहा है। इसके लिए उक्त सांसद से माफी मंगवाने की भी बात थी।

उन्होंने कहा कि इसके अलावा राज्य में झामुमो के नेतृत्व में नयी सरकार के गठन का भी प्रस्ताव दिया गया था, लेकिन बात न बनने पर दो दिनों की मैराथन बैठक के बाद झामुमो ने आज सर्वसम्मति से फैसला लिया।

उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में सरकार चलाने में भाजपा ने गठबंधन दलों के साथ कोई समन्वय नहीं स्थापित किया, जिसके परिणामस्वरूप यह स्थिति बनी। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राज्य में पिछले 28 माह की भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार में झामुमो की सर्वथा उपेक्षा की गयी।

इससे पूर्व आज दोपहर झारखंड में भाजपा-झामुमो-आज्सू-जदयू गठबंधन की सरकार को बचाने के लिए अंतिम प्रयास के तौर पर मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने झामुमो प्रमुख शिबू सोरेन से उनके आवास पर पहुंचकर मुलाकात की, जिसके बाद यह माना जा रहा था कि फिलहाल राज्य सरकार पर मंडरा रहा खतरा टल गया।

मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा आज दोपहर लगभग साढ़े बारह बजे मानव संसाधन विकास मंत्री वैद्यनाथ राम के साथ झामुमो प्रमुख शिबू सोरेन से मिलने उनके आवास पर पहुंचे, जहां उन्होंने शिबू और उनके बेटे और उपमुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से बंद कमरे में लगभग 40 मिनट गुफ्तगू की।

बातचीत के बाद मुख्यमंत्री बाहर प्रतीक्षारत मीडिया से बिना कोई बातचीत किये सीधे अपने आवास के लिए निकल गये। बाद में वैद्यनाथ राम भी मीडिया से मुखातिब हुए बिना वहां से चले गये।

 
 
 
 
जरूर पढ़ें
क्रिकेट
क्रिकेट स्कोरबोर्ड