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असम में उल्फा की विस्फोट की कोशिश नाकाम
गुवाहाटी, एजेंसी First Published:18-04-2012 03:50:15 PMLast Updated:00-00-0000 12:00:00 AM

प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह की प्रस्तावित 20 अप्रैल की यात्रा से पहले गुवाहाटी में उल्फा के वार्ता विरोधी धड़े द्वारा की गई विस्फोट की कोशिश नाकाम कर तीन उग्रवादियों को गिरफ्तार कर लिया गया। यह दावा ऊपरी असम के तिनसुकिया जिले की पुलिस ने किया है।

इस संवेदनशील जिले की पुलिस ने कहा है कि मंगलवार रात वार्ता विरोधी धड़े के तीन उल्फा उग्रवादियों को गिरफ्तार कर लिया गया और उनके पास से तीन हथगोले बरामद किए गए। इनमें एक महिला है।

तिनसुकिया के पुलिस अधीक्षक पी.पी. सिंह ने कहा कि गिरफ्तार उग्रवादियों में एक, पबन दास को उल्फा के वार्ता विरोधी धड़े के शीर्ष अधिकारियों ने हथगोलों को गुवाहाटी लाने और प्रधानमंत्री के दौरे से पहले विस्फोट करने की जिम्मेदारी सौंपी थी।

सिंह ने कहा, ''खास खुफिया सूचना के आधार पर हमने पबन को मंगलवार रात तिनसुकिया शहर में बस अड्डे से उस समय गिरफ्तार कर लिया, जब वह गुवाहाटी जाने वाली बस में सवार होने वाला था। उसके पास से हथगोले बरामद किए गए।'' बाद में उल्फा के दो अन्य कार्यकर्ताओं, जया बोरो और गणेश दास को उसी बस अड्डे से गिरफ्तार कर लिया गया।

पुलिस अधिकारी ने कहा, ''हम अभी तक तीनों से पूछताछ कर रहे हैं।''

सिंह के अनुसार, ''पबन ने स्वीकार किया है कि वह प्रधानमंत्री की 20 अप्रैल की यात्रा से पहले विस्फोट करने के लिए गुवाहाटी जा रहा था। उल्फा की कट्टर कार्यकर्ता जया बोरो ने तिनसुकिया में पबन दास को हथगोले सौंपे थे।''

सिंह ने बताया, ''गोलपाड़ा जिले का निवासी पबन कुछ दिन पहले ही हथगोले लेने के लिए तिनसुकिया गया था।'' उल्फा का तीसरा कार्यकर्ता गणेश दास भी इस मिशन में मदद कर रहा था।

सिंह ने कहा, ''तीनों ने यह भी स्वीकार किया है कि उल्फा के वार्ता विरोधी धड़े का एक वरिष्ठ नेता बाबुल गोगोई तीनों के बीच समन्वय स्थापित कर रहा था।''

 
 
 
 
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