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आज मिलिए असली अर्जुन से..
विशाल
First Published:02-06-12 04:22 PM
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अमूमन एनिमेशन पात्रों वाली फिल्मों को इतनी गंभारती से नहीं लिया जाता, जितना कि पिछले सप्ताह रिलीज हुई एनिमेशन फिल्म 'अर्जुन' को लिया गया है। फिल्म का मुख्य किरदार अर्जुन, जिसके तीन अलग-अलग चरणों (उम्र के हिसाब से) को सबसे ज्यादा पसंद किया गया।

तो साहब मिलिए असली अर्जुन यानी युद्धवीर बकोलिया से, जो दिल्ली के रहने वाले हैं। इस रोल के बारे में अर्जुन बताते हैं, ‘बेशक पहली नजर में लोगों को यह एक एनिमेशन फिल्म ही लगेगी, लेकिन ये सच है कि इसका हर एक सीन रीयल कलाकारों पर शूट किया गया है। मैंने अर्जुन की मुख्य भूमिका की है। पर्दे पर दिखने वाला हर काम मैंने पहले कैमरे के सामने किया है, जिसे बाद में विशेष प्रभाव की मदद से एनिमेशन की शक्ल दी गयी है। यही नहीं, इसके तीन अलग-अलग किरदारों की आवाज भी मैंने दी है।’

यहां पाठकों को ये बता दिया जाए कि फिल्म अर्जुन में जेम्स कैमरन की मशहूर फिल्म 'अवतार' की तकनीक के समकक्ष ही कई तकनीक इस्तेमाल की गयी हैं। इसे सीजी तकनीक से बनाया गया है, जिसमें पहले विभिन्न सीन्स को रीयल कलाकारों पर शूट किया जाता है और उसे स्टोर किया जाता है। जबकि अवतार में जेम्स कैमरून ने सीजीआई तकनीक इस्तेमाल की थी। इस फिल्म में दिखाई गयी अर्जुन की लड़ाई दरअसल असल में लड़ी गयी थी। केरल की प्रसिद्ध युद्धकला कलारीपयट्टू के वो खास सीन भी युद्धवीर के साथ ही शूट हुए हैं, जिनसे फिल्म में एक खास रोमांच पैदा होता है।

फिल्म की तकनीक के बारे में युद्धवीर कहते हैं, ‘मेरा मानना है कि इससे पहले ऐसी युद्धकला किसी भारतीय फिल्म में इस्तेमाल नहीं की गयी। यही नहीं, आप पाएंगे कि द्रौपदी स्वयंवर को अपनी कल्पना से और अविश्वसनीय बनाया जा सकता है। जैसा कि फिल्म में दिखाया गया है कि अर्जुन मछली की आंख में नहीं, बल्कि उसे सरोवर में जाकर उसके तल से निशाना लगाकर स्वयंवर जीतता है। ठीक इसी तरह से राजा पांचाल का महल आदि। मैं कहूंगा कि फिल्म के निर्देशक अर्नब चौधरी ने इसे अपनी कल्पना से और रोचक बना दिया है।’     

 
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