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उम्र के मुताबिक भूमिका की खोज में हैं पूजा
मुम्बई, एजेंसी First Published:26-12-12 02:29 PM
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पूजा भट्ट को बड़े पर्दे पर दिखे एक दशक बीत चुके हैं। वह कहती हैं कि अपनी उम्र के मुताबिक भूमिका पाने पर वह जरूर फिर से पर्दे पर दिखने की इच्छा रखती हैं।

पूरा ने वर्ष 1998 में ‘तमन्ना’ के साथ बतौर निर्माता नई पारी की शुरुआत की थी और फिर 2003 में फिल्म ‘पाप’ के साथ निर्देशन के क्षेत्र में कदम रखा था।

पूजा ने कहा कि मैं अपनी उम्र के मुताबिक भूमिका चाहती हूं। मुझे 40 साल का होने पर गर्व है क्योंकि इस उम्र में मैंने अपनी आत्मा को पवित्र बनाए रखा है। मैं नहीं समझती कि बहुत सारे लोगों ने अपने व्यवसाय में इस तरह की सफलता हासिल की है।

‘‘ऐसे में अगर कोई मुझे मेरी उम्र के मुताबिक भूमिका देगा तो मैं उसे जरूर स्वीकार करूंगी। मैं भूमिका पाने के लिए खुद को उम्र से कम दिखाने की खातिर कोई कदम नहीं उठाना चाहती।’’

पूजा ने 1990 के दशक में कई फिल्मों में काम किया था। उनकी प्रमुख फिल्मों में ‘दिल है कि मानता नहीं’, ‘सर’, ‘बॉर्डर’, ‘जख्म’ शामिल हैं।

 
 
 
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