बुधवार, 23 अप्रैल, 2014 | 19:51 | IST
  RSS |    Site Image Loading Image Loading
ब्रेकिंग
चुनाव आयोग ने उत्तर प्रदेश के मंत्री आजम खान को आयोग के खिलाफ आरोप लगाने और लगाए गए प्रतिबंध को नकारने के लिए नोटिस जारी किया।
 
सबके हिस्से की धूप का स्वार्थी विभाजन
गोपाल चतुर्वेदी
First Published:06-01-13 08:04 PM
 imageloadingई-मेल Image Loadingप्रिंट  टिप्पणियॉ: (0) अ+ अ-

जाने क्यों विदेशी कहते हैं कि भारत में धूप की ऐसी इफरात है कि वह कोने-कोने, दड़बे-दड़बे, बिना बुलाए पहुंच जाती है। इस इफरात से कुछ बचते-कतराते हैं, कुछ उससे वंचित होकर परेशान हैं। हमें बिल्डर ने ऐसा फ्लैट दिया है कि उसमें दिन और रात में खास फर्क नहीं है। ओझल होते-होते सूरज अपनी उपस्थिति जताता है, वरना उजियारे को दिन भर विद्युत निगम का ही सहारा है। बिजली बिल से अपने होश फाख्ता होते हैं। वह भी तब, जब बिजली रोज तीन-चार घंटे  गोता लगाती है। लाइनमैन हमें दिलासा देता है कि ‘लिखकर दीजिए, देख लेंगे।’ उसका देखना व अतिरंजित बिल का आना चालू है। सवाल अहं का है। यह प्यासा कुएं के पास हो आया, अब कुआं आए। हम पड़ोसी से मध्यस्थता का अनुरोध करते हैं। वह बताते हैं कि लाइनमैन सशंकित है। किसी ने उसे भड़काया है कि आप ईमानदार हैं। कुछ देने की बजाय उलटे उसे फंसवा न दें।

आज ईमानदारी एक संक्रामक रोग है। इससे न घर में चैन है, न दफ्तर में। वहीं सतर्कता विभाग ने यह साबित करने की सुपारी ली है कि निष्ठा-ईमान सिर्फ हमारे दिखावे के हाथी दांत हैं। लंच ब्रेक में हम धूप सेंकने भी निकलें, तो दफ्तर गोल करने के आदतन अपराधी हैं। सबके हिस्से की धूप तय है। कुछ उससे तंग हैं, तो कुछ उसकी तलाश में हैं। जो जिसके पास नहीं है, वही उसे वांछित है। फिर ईमान से सबको मर्ज जैसा परहेज क्यों? शायद इसलिए कि कितने कालिदास हैं, जो सुविधा की वही शाख काटेंगे, जिस पर विराजमान हैं? भ्रष्टाचार बाबू की आसान आय है, संपन्न को सुभीता।

कुछ की किस्मत बैठे-ठाले की आमदनी है, कुछ की क्यू का इंतजार। गनीमत है कि सूरज न बिल्डर है, न बाबू। ये दोनों, धूप की भांजी मारते हैं। कुदरत का यह प्रतिनिधि तो सबको बराबर रोशनी देता है, उसका मनमाना स्वार्थी विभाजन लोकतंत्र की अनूठी सामंती ईजाद है। कोहरे में छिपना सूरज की अस्थायी मजबूरी है। अधिकार की भ्रष्ट व्यवस्था में बिना वसूली कोई काम होना एक आठवां आश्चर्य है। ऐसा अपवाद स्थापित सत्ता के अस्तित्व को चुनौती है।

 
 imageloadingई-मेल Image Loadingप्रिंट  टिप्पणियॉ: (0) अ+ अ- share  स्टोरी का मूल्याकंन
 
Image Loadingगिरफ्तारी वारंट के बाद राजद सांसद प्रभुनाथ सिंह लापता
चुनाव संबंधी मामलों में दो गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद गिरफ्तारी से बचने के लिए महाराजगंज लोकसभा सीट से राजद प्रत्याशी और निवर्तमान सांसद प्रभुनाथ सिंह लापता बताए जाते हैं।
 

लाइवहिन्दुस्तान पर अन्य ख़बरें

आज का मौसम राशिफल
अपना शहर चुने  
आंशिक बादलसूर्यादय
सूर्यास्त
नमी
 : 06:47 AM
 : 06:20 PM
 : 68 %
अधिकतम
तापमान
20°
.
|
न्यूनतम
तापमान
13°