शनिवार, 01 नवम्बर, 2014 | 06:39 | IST
  RSS |    Site Image Loading Image Loading
ब्रेकिंग
विद्या प्रकाश ठाकुर ने भी राज्यमंत्री पद की शपथ लीदिलीप कांबले ने ली राज्यमंत्री पद की शपथविष्णु सावरा ने ली मंत्री पद की शपथपंकजा गोपीनाथ मुंडे ने ली मंत्री पद की शपथचंद्रकांत पाटिल ने ली मंत्री पद की शपथप्रकाश मंसूभाई मेहता ने ली मंत्री पद की शपथविनोद तावड़े ने मंत्री पद की शपथ लीसुधीर मुनघंटीवार ने मंत्री पद की शपथ लीएकनाथ खड़से ने मंत्री पद की शपथ लीदेवेंद्र फडणवीस ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद की शपथ ली
योग के नए रास्ते
अमृत साधना First Published:02-12-12 07:12 PM

योग एक लोकप्रिय मार्ग रहा है और चूंकि योग भारत में पैदा हुआ, फूला और फला, सो इसके इर्द-गिर्द भी एक यौगिक आभामंडल है। रहस्यमय योगियों की कहानियां, उनकी असाधारण सिद्धियां हवा में तैरती रहती हैं। योग, जो अब तक छिपा हुआ था, मीडिया की कृपा से अब सार्वजनिक फैशन बन गया है। पर अक्सर किसी चीज का जब हद से ज्यादा प्रसार होता है, तो उसकी गहराई की ओर ध्यान नहीं जाता। यही दुर्घटना घटी है योग के साथ। योग का जो शारीरिक पहलू है, वह लोकप्रिय हुआ और यह बात ही विस्मृत हो गई कि यह सीढ़ी है, मंजिल नहीं। इस पर पांव रखकर जाना कहीं और है। क्या आप सीढ़ी पर घर बसा सकते हैं?

योगासन एक शारीरिक क्रिया है और किसी हद तक स्वास्थ्य के लिए भी लाभप्रद है। पर उसी को संपूर्ण योग मान लेना योगशास्त्र केसाथ अन्याय है। योग के जरिये जो चेतना के उच्चतर तल विकसित हो सकते हैं, उन तलों के बारे में किसी को पता नहीं है। योग है मन की उथल-पुथल का थम जाना, चित्तवृत्ति निरोध, ताकि मन के पार जाने का द्वार खुल सके। योग अनुशासन है। योग का अर्थ है अपने आप से जुड़ना। मन की  बिखरी हुई ऊर्जा को इकट्ठा करके सूत्र में बांधने का नाम है योग।

सिर्फ योगासन करने से यह सूत्र निर्मित नहीं हो सकता। आधुनिक मनुष्य को जरूरत है भावनाओं का रेचन करने की। पतंजलि के समय इसकी जरूरत नहीं थी, क्योंकि तब लोग सीधे-सादे थे। पर आज योग में नए पहलू जोड़ने होंगे।  योग नियंत्रण सिखाता है, नियंत्रण यानी दमन। आज हमारी जरूरत है भावों को विसर्जित करने की, उन्हें अभिव्यक्त कर रूपांतरित करने की। जब तक मैंने ओशो के सक्रिय ध्यान नहीं किए, अपने भावों की सफाई नहीं की, तब तक मेरे जीवन में कोई आनंद नहीं था। योग के नए रास्ते खोजने होंगे, तभी योग पुन: पुरानी गरिमा प्राप्त कर सकता है।

 
 
|
 
 
टिप्पणियाँ