शुक्रवार, 28 अगस्त, 2015 | 20:15 | IST
 |  Site Image Loading Image Loading
ब्रेकिंग
सौतेले पिता करते थे इंद्राणी मुखर्जी का शोषणः वीर सांघवी।ट्रेड यूनियनें 2 सितंबर की हड़ताल पर कायम। इंटक के अध्यक्ष जी संजीवा रेड्डी ने यूनियन नेताओं की बैठक के बाद यह जानकारी दी।पाकिस्तान के विदेश सचिव ने भारतीय उच्चायुक्त को तलब किया, संघर्ष विराम उल्लंघन के खिलाफ विरोध दर्ज कराया।
बाबुओं से बोले थरूर, नागरिकों के प्रति उत्तरदायी हों
नई दिल्ली, एजेंसी First Published:11-12-2012 08:48:22 PMLast Updated:00-00-0000 12:00:00 AM
Image Loading

मानव संसाधन विकास राज्य मंत्री शशि थरूर ने कहा है कि नौकरशाहों को बेहतर सेवाओं से जुड़ी देश के नागरिकों की मांगों को पूरा करने के लिए उत्तरदायी होना चाहिए। थरूर ने येल विश्वविद्यालय और ओपी जिंदल ग्लोबल विश्वविद्यालय (जीजेयू) के बीच एक सहमति पत्र पर हस्ताक्षर किए जाने के बाद एक सम्मेलन में कहा कि देश के जागरुक नागरिकों की मांगों को पूरा करने लिए तैयार रहना होगा। जवाबदेही नए जमाने में नौकरशाहों के लिए बेहद महत्वपूर्ण है।

जीजेयू की ओर से जारी विज्ञप्ति के अनुसार थरूर ने नौकरशाहों का आहवान किया कि देश में डिजिटल क्रांति की पूरी क्षमता का लाभ उठाने के लिए अपने कौशल को बेहतर बनाने पर जोर दें। जीजेयू के कुलपति राजकुमार ने कहा कि येल विश्वविद्यालय के साथ सहयोग नेतृत्व शिक्षा और विश्व स्तर पर नागरिक सेवा को काफी बढ़ावा मिलेगा।

थरूर ने आज दिल्ली में एक अन्य कार्यक्रम में कहा कि देश के सभी युवा रोजगारोन्मुखी नहीं है और ऐसे में शिक्षा तंत्र को रोजगार के अनुकूल बनाने की सख्त जरूरत है। उन्होंने एक समारोह में कहा कि कई कंपनियां अपने यहां लोगों को नौकरी पर रखने के बाद प्रशिक्षित करती हैं क्योंकि उन्हें अपने यहां के विश्वविद्यालय में उपयुक्त प्रशिक्षण नहीं मिला होता है। ऐसे में सभी युवाओं को रोजगार के लायक बनाने की जरूरत है।

 
 
 
 
जरूर पढ़ें
क्रिकेट
Image Loadingबारिश ने धोया पहले दिन का खेल, भारत 50/2
भारत और श्रीलंका के बीच तीसरे और आखिरी क्रिकेट टेस्ट के पहले दिन शुक्रवार को बारिश के कारण दो सत्र से अधिक का खेल नहीं हो सका जबकि भारत ने पहली पारी में दो विकेट पर 50 रन बनाए।
 
क्रिकेट स्कोरबोर्ड
 
Image Loading

जब जय की हुई जमकर पिटाई...
वीरू (जय से): कल तुझे मेरे मोहल्ले के दस लड़कों ने बहुत बुरी तरह पीटा। फिर तूने क्या किया?
जय: मैंने उन सभी से कहा कि कि अगर हिम्मत है, तो अकेले-अकेले आओ।
वीरू: फिर क्या हुआ?
जय: होना क्या था, उसके बाद उन सबने एक-एक करके फिर से मुझे पीटा।