रविवार, 26 अक्टूबर, 2014 | 15:01 | IST
  RSS |    Site Image Loading Image Loading
Image Loading    भारत का रासायनिक हथियारों के इस्तेमाल पर रोक का आह्वान महाराष्ट्र में नई सरकार के शपथ ग्रहण में शामिल होंगे मोदी एयर इंडिंया के कई पायलट खत्म लाइसेंस पर उड़ा रहे हैं विमान इराक में आईएस के ठिकानों पर अमेरिका के 23 हवाई हमले राजनाथ ने युवाओं से शांति और सौहार्द का संदेश फैलाने को कहा  शीतकालीन सत्र से पहले नए योजना निकाय का गठन कर सकती है सरकार  आज मोदी की चाय पार्टी में शामिल हो सकते हैं शिवसेना सांसद शिक्षिका ने की थी गोलीबारी रोकने की कोशिश नांदेड-मनमाड पैसेजर ट्रेन के डिब्बे में आग,यात्री सुरक्षित दिल्ली के त्रिलोकपुरी में हिंसा के बाद बाजार बंद, लगाया गया कर्फ्यू
आर्थिक वृद्धि के लिए बेहतर भुगतान संतुलन की जरूरत: प्रणब
हैदराबाद, एजेंसी First Published:28-12-12 10:03 PM

राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी ने शुक्रवार को कहा कि 12वीं योजना में उच्च आर्थिक वृद्धि लक्ष्य हासिल करने के लिए सरकार को भुगतान संतुलन के मोर्चे पर बेहतर स्थिति बनाए रखने के ठोस उपाय करने होंगे।

मुखर्जी ने शुक्रवार को यहां एक समारोह में कहा मेरा मानना है कि यह सही फैसला है कि आठ प्रतिशत के आसपास का कुछ महत्वकांक्षी लक्ष्य वृद्धि लक्ष्य रखा गया है। यह हासिल हो सकता है। हालांकि, उन्होंने कहा लेकिन हमें यह भी ध्यान रखना होगा कि यदि अभी सुधारात्मक उपाय नहीं किए गए तो भुगतान संतुलन संकट बढ़ सकता है। वित्त मंत्रालय और योजना आयोग को इसका ध्यान रखना होगा।

सरकार ने 12वीं पंचवर्षीय योजना (2012 से 2017) के लिए सालाना औसत आठ प्रतिशत वृद्धि का लक्ष्य रखा है। प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में कल नई दिल्ली में हुई राष्ट्रीय विकास परिषद की बैठक में योजना को मंजूरी दे दी गई।

राष्ट्रपति ने कहा कि 12वीं योजना के दौरान सकल पूंजी निर्माण जीडीपी का 37 प्रतिशत अनुमानित किया गया है और इसमें कहा गया है कि इसके लिये 35.1 प्रतिशत संसाधन सकल घरेलू बचत और 2.9 प्रतिशत विदेशी समर्थन से जुटाए जाएंगे।
 
 
 
टिप्पणियाँ