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नई दिल्ली/सिंगापुर, एजेंसी/लाइव हिन्दुस्तान First Published:29-12-12 10:54 AMLast Updated:29-12-12 12:08 PM
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दिल्ली में 16 दिसंबर की रात चलती बस में सामूहिक बलात्कार की शिकार हुई 23 वर्षीय लड़की ने करीब एक पखवाड़े तक मृत्यु से संघर्ष करने के बाद आज सिंगापुर के माउंट एलिजाबेथ अस्पताल में आखिरी सांस ली।

अस्पताल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी केल्विन लोह ने एक बयान में कहा कि हमें बेहद दुख के साथ बताना पड़ रहा है कि मरीज की 29 दिसंबर को सुबह चार बजकर 45 मिनट (भारतीय समयानुसार तडके दो बजकर 15 मिनट) पर मौत हो गई। उस समय लडकी के माता-पिता और भारतीय उच्चायोग के अधिकारी उसके पास थे।
 
गत 16 नवंबर को दक्षिण दिल्ली में इस लडकी के साथ चलती बस में सामूहिक बलात्कार किया गया था और उसकी बुरी तरह पिटाई की गई थी। छात्रा का पहले दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में इलाज चला, जहां उसके तीन ऑपरेशन किए गए थे।

बुधवार को उसे एयर एंबुलेंस से सिंगापुर लाया गया था। आखिर 13 दिन जिंदगी और मौत से जूझने के बाद छात्रा ने शनिवार तडके अंतिम सांस ली।

इससे पहले शुक्रवार देर शाम अस्पताल की ओर से जारी मेडिकल बुलेटिन में कहा गया था कि छात्रा के पेट और फेफडें में भी संक्रमण बढ़ रहा था। चिकित्सकों ने लडकी के परिजनों को उसके पास रहने के निर्देश दिए गए थे। चिकित्सकों के अनुसार लडकी के शरीर के अनेक महत्वपूर्ण अंगों के खराब होने का खतरा बढ गया था।
 
उल्लेखनीय है कि 23 वर्षीय इस लडकी के साथ गत 16 दिसंबर को दक्षिण दिल्ली के मुनीरका इलाके में चलती बस में सामूहिक बलात्कार हुआ था, जिसकी खबर आते ही पूरे देश में लोग सडकों पर उतर आए और इस आंदोलन ने उग्र रूप ले लिया था। प्रदर्शन के दौरान एक पुलिसकर्मी की मौत हो गई, जिससे मामले ने और तूल पकड लिया। सामूहिक बलात्कार के मामले में छह लोगों को गिरफ्तार किया गया है।

दिल्ली के सफदरजंग अस्पताल में इलाज के दौरान लडकी के पेट का तीन बार ऑपरेशन हुआ था और वह संक्रमण से पीड़ित हो गई थी। उसे लगातार वेंटिलेटर पर रखा गया था। हालत में कोई सुधार नहीं होता देख डॉक्टरों की सलाह पर उसे सिंगापुर ले जाने का निर्णय लिया गया था। आखिर बुधवार को लडकी को एयर एंबुलेंस के जरिए भारत से सिंगापुर लाया गया था।

माउंट एलिजाबेथ अस्पताल के डॉक्टरों ने लड़की की स्थिति बेहद चिंताजनक बताई थी। अस्पताल का कहना था कि सिर की चोट के कारण लडकी की हालत ज्यादा बिगड़ गई थी और वह जिंदगी तथा मृत्यु के बीच संघर्ष कर रही थी। उसके शरीर के कई अहम अंगों ने काम करना बंद कर दिया था।
 
इस बीच लड़की की मौत से विरोध प्रदर्शनों में तेजी आने की आशंका के चलते दिल्ली में सुरक्षा बढा दी गई है। दिल्ली पुलिस ने लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।

कांग्रेस प्रमुख सोनिया गांधी ने जोर देकर कहा है कि बर्बर सामूहिक बलात्कार मामले के अपराधियों को न्याय के कटघरे में लाने में समय व्यर्थ नहीं किया जाएगा, जबकि प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।

 
 
 
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