चमेल सिंह के परिजन को सवा करोड़ मुआवजा मिले: बीजेपी ICSE बोर्ड परीक्षा में 99% अंकों के साथ भुवन्या अव्वल ICSE बोर्ड परीक्षा में 99% अंकों के साथ भुवन्या अव्वल मनमोहन सिंह जाएंगे वाशिंगटन की यात्रा पर चीनी प्रधानमंत्री का भारत दौरा, सीमा मुद्दे पर चर्चा संभव चुनाव भ्रष्टाचार का सबसे बड़ा स्रोत: कुरैशी बिल गेट्स फिर बने दुनिया के सबसे धनवान व्यक्ति मुंबई हमला, पाक संदिग्धों के खिलाफ सुनवाई स्थगित मुंबई हमला, पाक संदिग्धों के खिलाफ सुनवाई स्थगित पप्पू यादव के खिलाफ अपील करे सीबीआई: माकपा
कश्मीर पर ओबामा के विचारों से सहमत हैं फारूख
श्रीनगर, एजेंसी
First Published:16-07-12 02:45 PM
केंद्रीय मंत्री फारूख अब्दुल्ला ने सोमवार को अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के उन विचारों से सहमति जताई, कि कश्मीर के विषय को केवल भारत और पाकिस्तान को सुलझाना चाहिए।
अब्दुल्ला ने कहा कि ओबामा ने कहा कि हम प्रारंभ से जानते हैं कि अगर कश्मीर मुद्दे को सुलझाना है, तो भारत और पाकिस्तान को ही यह करना है।
उन्होंने कहा कि केंद्र ने हमेशा से यह कहा है कि कश्मीर भारत और इस्लामाबाद के बीच द्विपक्षीय मुद्दा है और इसे दोनों को सुलझाना है। नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष ने हालांकि इस मुद्दे को सुलझाने में हो रही देरी पर निराशा व्यक्त की।
जम्मू कश्मीर का बाहर से कोई समाधान निकालने को खारिज करते हुए ओबामा ने कल कहा था कि भारत और पाकिस्तान के बीच विवाद को दोनों देशों को आपस में सुलझाना है।
अमेरिकी राष्ट्रपति के भारत में निवेश के माहौल के बारे में दिये बयान के बारे में पूछे जाने पर फारूख ने कहा कि अमेरिका चाहता है कि भारत बीमा और बैंकिंग क्षेत्र को एफडीआई के लिए खोले।
उन्होंने कहा कि भारत में गठबंधन की सरकार है, जिसके कारण हमारे समक्ष बाध्यताएं हैं। कुछ गठबंधन सहयोगी इन क्षेत्रों को एफडीआई के लिए खोलने के पक्ष में नहीं है, क्योंकि इससे उनका वोट बैंक प्रभावित होगा।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को कड़े कदम उठाने होंगे जो दीर्घावधि में भारत की प्रगति के लिए लाभप्रद हों।
अब्दुल्ला ने कहा कि ओबामा ने कहा कि हम प्रारंभ से जानते हैं कि अगर कश्मीर मुद्दे को सुलझाना है, तो भारत और पाकिस्तान को ही यह करना है।
उन्होंने कहा कि केंद्र ने हमेशा से यह कहा है कि कश्मीर भारत और इस्लामाबाद के बीच द्विपक्षीय मुद्दा है और इसे दोनों को सुलझाना है। नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष ने हालांकि इस मुद्दे को सुलझाने में हो रही देरी पर निराशा व्यक्त की।
जम्मू कश्मीर का बाहर से कोई समाधान निकालने को खारिज करते हुए ओबामा ने कल कहा था कि भारत और पाकिस्तान के बीच विवाद को दोनों देशों को आपस में सुलझाना है।
उन्होंने कहा कि भारत में गठबंधन की सरकार है, जिसके कारण हमारे समक्ष बाध्यताएं हैं। कुछ गठबंधन सहयोगी इन क्षेत्रों को एफडीआई के लिए खोलने के पक्ष में नहीं है, क्योंकि इससे उनका वोट बैंक प्रभावित होगा।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री को कड़े कदम उठाने होंगे जो दीर्घावधि में भारत की प्रगति के लिए लाभप्रद हों।
11

टिप्पणियाँ
स्थानीय ख़बरें
एन सी आर
पंजाब
उत्तराखंड
उत्तर प्रदेश
बिहार
झारखंड
लाइवहिन्दुस्तान पर अन्य ख़बरें
आज का मौसम राशिफल



ई-मेल
