इलाहाबाद हाईकोर्ट ने खारिज की राजेश तलवार की याचिका भारत-चीन सीमा संबंधी मुद्दों का समाधान खोजने में सक्षम IPL पर लग सकती है रोक, सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई IPL पर लग सकती है रोक, सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई IPL पर लग सकती है रोक, सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई IPL पर लग सकती है रोक, सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई राजीव गांधी की पुण्यतिथि पर दी गई श्रद्धांजलि भाजपा संसदीय दल की बैठक जारी, नरेंद्र मोदी भी शामिल स्पॉट फिक्सिंग मामले में पूर्व रणजी क्रिकेटर गिरफ्तार स्पॉट फिक्सिंग मामले में पूर्व रणजी क्रिकेटर गिरफ्तार
कुरैशी का ऑनलाइन वोटिंग, स्टेट फंडिंग से इंकार किया
नई दिल्ली, एजेंसी
First Published:17-04-12 07:10 PM
मुख्य चुनाव आयुक्त एस वाई कुरैशी ने कहा कि उन्हें निकट भविष्य में ऑनलाइन मतदान सच्चाई बनता नहीं दिख रहा है जबकि देश में होने वाले चुनाव में सरकारी कोष से धन मुहैया कराने के लिए पहले चुनाव प्रक्रिया में कुछ प्रमुख सुधार जरूरी होगा।
कुरैशी ने सीआईआई के एक कार्यक्रम में कहा कि ऑनलाइन मतदान, प्रौद्योगिकी रूप से हमारे लिए बच्चों का खेल है। हम आईटी सुपर पावर हैं। हम इसे स्वीकार करें, लेकिन निकट भविष्य में हमें ऐसा होता नहीं दिख रहा है।
चुनाव में सरकारी कोष से धन मुहैया कराने के मुद्दे पर मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि वित्तीय पारदर्शिता और राजनीतिक दलों के अंदर लोकतंत्र लाने के बाद ही इस पर विचार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि आपकी सुरक्षा और आपकी ईमानदारी हमारी चिंता है। कोई आप पर बंदूक तान दे और आपसे से उसको वोट देने को कहे। हमें आशा है कि आपका लैपटॉप इससे आपका बचाव नहीं कर पाएगा। दूसरी बात, हम आप पर भरोसा भी नहीं करते। कोई आपके पास आए और आपको पांच हजार रुपये दे और आपसे कहें कि आप उसे वोट दें। जब तक हम इसे रोकने में सक्षम नहीं हो जाते, यह (ऑनलाइन मतदान) नहीं हो सकता। कुरैशी ने इस बात पर जोर दिया कि सुशासन के लिए मतदाताओं की भागीदारी जरूरी है।
कुरैशी ने सीआईआई के एक कार्यक्रम में कहा कि ऑनलाइन मतदान, प्रौद्योगिकी रूप से हमारे लिए बच्चों का खेल है। हम आईटी सुपर पावर हैं। हम इसे स्वीकार करें, लेकिन निकट भविष्य में हमें ऐसा होता नहीं दिख रहा है।
चुनाव में सरकारी कोष से धन मुहैया कराने के मुद्दे पर मुख्य चुनाव आयुक्त ने कहा कि वित्तीय पारदर्शिता और राजनीतिक दलों के अंदर लोकतंत्र लाने के बाद ही इस पर विचार किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि आपकी सुरक्षा और आपकी ईमानदारी हमारी चिंता है। कोई आप पर बंदूक तान दे और आपसे से उसको वोट देने को कहे। हमें आशा है कि आपका लैपटॉप इससे आपका बचाव नहीं कर पाएगा। दूसरी बात, हम आप पर भरोसा भी नहीं करते। कोई आपके पास आए और आपको पांच हजार रुपये दे और आपसे कहें कि आप उसे वोट दें। जब तक हम इसे रोकने में सक्षम नहीं हो जाते, यह (ऑनलाइन मतदान) नहीं हो सकता। कुरैशी ने इस बात पर जोर दिया कि सुशासन के लिए मतदाताओं की भागीदारी जरूरी है।
10

टिप्पणियाँ
टिप्पणियॉ पढ़े(1)
ऑनलाइन वोटिंग का विकल्प नहीं देना तो इतने लचर तर्क से कम से कम मतदाताओं का अपमान तो न करें के समय में जब अन्य सभी कार्यों में ऑनलाइन विकल्प उपलब्ध है तो वोटिंग में क्यों नहीं ? फिर भी यदि कोई शंका है तो कम से कम ऑनलाइन बैंकिंग का उपयोग करने वालों से इसकी शुरुआत की जा सकती है
By SUSHIL VATSA (17th-April-2012 08:01:PM)
स्थानीय ख़बरें
एन सी आर
पंजाब
उत्तराखंड
उत्तर प्रदेश
बिहार
झारखंड
लाइवहिन्दुस्तान पर अन्य ख़बरें
आज का मौसम राशिफल



ई-मेल
