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संसद से सड़क तक गैंगरेप की गूंज, फांसी की मांग
नई दिल्ली, लाइव हिन्दुस्तान First Published:19-12-12 10:06 AMLast Updated:19-12-12 01:14 PM

राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में अपराध की घटनाओं पर लगाम लगाने में विफल रहने के लिए केंद्र और राज्य सरकार को आड़े हाथों लेते हुए भाजपा ने मंगलवार को कहा कि बलात्कार के दोषी लोगों को फांसी देनी चाहिए।
   
मुख्य विपक्षी पार्टी ने इस विषय पर संसद के दोनों सदनों में प्रश्नकाल स्थगित करने का नोटिस दिया। विपक्ष की नेता सुषमा स्वराज ने कहा कि यह गंभीर मुद्दा है, ऐसी घटनाएं बार बार हो रही है। हम इस मुद्दे को संसद में पूरी ताकत से उठायेंगे।
   
पार्टी प्रवक्ता रविशंकर प्रसाद ने कहा कि इस विषय में पार्टी के संसदीय बोर्ड की बैठक में यह निर्णय किया गया। प्रसाद ने संवाददाताओं से कहा कि हमारे कई सदस्यों ने संसद के दोनों सदनों में प्रश्नकाल स्थगित करने का नोटिस दिया है, वे इस बात से काफी उद्वेलित हैं।
   
उन्होंने कहा कि राजग के सहयोगी दलों की महिला सांसद संसद भवन परिसर मे इस विषय पर धरना देंगी। उन्होंने कहा कि दिल्ली महिलाओं के खिलाफ अत्याचार का केंद्र हो गया है और पुलिस की ओर से कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो रही है।
   
प्रसाद ने कहा कि भाजपा हैदराबाद-कर्नाटक क्षेत्र को विशेष दर्जा प्रदान करने के बारे में संविधान संशोधन विधेयक के गंभीर मुद्दे को भी लोकसभा में उठायेगी। हालांकि उन्होंने इसके बारे में विस्तार से नहीं बताया।

भाजपा सदस्य सैयद शाहनवाज हुसैन ने इस विषय को उठाते हुए कहा कि यह अत्यंत गंभीर विषय है, दिल्ली में कानून व्यवस्था समाप्त हो गई है। इस विषय पर हमने प्रश्नकाल स्थगित करने का नोटिस दिया है।
   
मीरा कुमार ने उद्वेलित सदस्यों को शांत करते हुए कहा कि यह गंभीर मामला है, जघन्य कृत्य है। इसे शून्य प्रहर में उठायें।
    
गौरतलब है कि दिल्ली में उत्तराखंड से ताल्लुक रखने वाली एक पैरा मेडिकल छात्रा के साथ बस में कथित तौर पर सामूहिक बलात्कार किया गया और फिर उसे बाहर फेंक दिया गया।
    
दिल्ली में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर फिर से गंभीर सवाल खड़ा करने वाली यह घटना दक्षिणी दिल्ली के महिपालपुर के निकट घटी। पीड़िता एवं उसके दोस्त की आरोपियों ने पिटाई की।
    
दोनों को एम्स ट्रामा सेंटर ले जाया गया। बाद में लड़की को सफदरजंग अस्पताल स्थानांतरित कर दिया गया। लड़की की हालत गंभीर बताई गई है। बलात्कार और निर्दयी यातनाओं के बाद रविवार को सफदरजंग अस्पताल में भर्ती लड़की को अब भी अस्पताल के सघन चिकित्सा कक्ष (आईसीयू) में रखा गया है।
     
अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉक्टर बीडी अठानी ने कहा कि उसकी स्थिति कल से बेहतर हुई है। उसकी चेतना का स्तर कल से काफी बेहतर हुआ है। उसकी रविवार को एक सर्जरी हुई है। उन्होंने कहा कि पीड़ित लड़की पर अगले 48 से 72 घंटों तक डॉक्टरों द्वारा करीबी नजर रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि डॉक्टर नियमित रूप से उसकी स्थिति देख रहे हैं, ताकि उसका सर्वश्रेष्ठ इलाज हो सके।
     
डॉक्टर ने कहा कि लड़की का चेतना स्तर कल से काफी बेहतर हुआ है और उसका लगातार इलाज चल रहा है। उन्होंने कहा कि चोटों की प्रकृति को देखते हुए हम अब भी उसे खतरे से बाहर नहीं कह सकते। डॉक्टरों ने कहा कि मेडिकल छात्रा के सिर और चेहरे पर काफी चोटें लगी हैं, क्योंकि उस पर लोहे की छड़ से निर्दयता से हमला किया गया।

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने मंगलवार को कहा कि सरकार को ऐसे कड़े कदम उठाने चाहिए जिससे कि सामूहिक बलात्कार जैसी ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो जैसा कि राजधानी में 23 वर्षीय एक लड़की के साथ हुआ। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी सामूहिक बलात्कार की शिकार 23 वर्षीय लड़की की हालत के बारे में जानकारी लेने सफदरजंग अस्पताल पहुंचीं।

सोनिया ने गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे, दिल्ली की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित और राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष ममता शर्मा से बातचीत की और उनसे हरसंभव कदम उठाने को कहा जिससे सुनिश्चित हो कि इस तरह की घटनाएं फिर से न हों।

कांग्रेस महासचिव जर्नादन द्विवेदी ने कहा कि सामूहिक दुष्कर्म मामले पर सोनिया चाहती हैं कि दोषियों को जल्द से जल्द न्याय के कटघरे में लाया जाए। इससे पहले दिन में संसद के दोनों सदनों ने दक्षिण दिल्ली में चलती बस में एक लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना पर चिंता व्यक्त की।

पार्टी विचारधारा से उपर उठकर विभिन्न दलों के सदस्यों ने ऐसे अपराध को अंजाम देने वालों को मृत्युदंड देने की मांग की।

 
 
 
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