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मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट ने लिया पीड़िता का बयान
नई दिल्ली, एजेंसी First Published:25-12-12 07:55 PMLast Updated:25-12-12 08:18 PM
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राष्ट्रीय राजधानी में गैंगरेप की शिकार हुई 23 साल की युवती के बयान दर्ज करने को लेकर उठे विवाद के बाद मंगलवार को मेट्रोपॉलिटन मजिस्ट्रेट ने उसका ताजा बयान दर्ज किया।

पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मेट्रोपालिटन मजिस्ट्रेट ने लड़की का ताजा बयान दर्ज किया है। पीड़िता के बयान दर्ज करने को लेकर तब विवाद उठ खड़ा हुआ जब दिल्ली की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित ने गृह मंत्री सुशील कुमार शिंदे से प्रक्रिया में वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के दखल दिए जाने की शिकायत की और जांच की मांग की।

शीला ने गृहमंत्री सुशील कुमार शिंदे को लिखे पत्र में बलात्कार पीड़िता के बयान रिकॉर्ड कराने में पुलिस के आला अफसरान पर दखलंदाजी के आरोप लगाए वहीं दिल्ली पुलिस ने गृहमंत्री को लिखे शीला के पत्र के लीक किए जाने की जांच की मांग की है।

शीला ने शिंदे को लिखे एक पत्र में उपमंडल मजिस्ट्रेट (एसडीएम) की शिकायत की उच्च स्तरीय जांच करने की मांग की है। पुलिस ने एसडीएम की ओर से लगाए गए इन सारे आरोपों से इनकार किया है। उसने गृहमंत्री को लिखे गए शीला के पत्र के लीकेज की उच्च स्तरीय जांच की भी मांग की।

दिल्ली पुलिस के प्रवक्ता राजन भगत ने कहा कि हम एसडीएम उषा चतुर्वेदी की ओर से लगाए गए आरोपों से इनकार करते हैं। उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस मुख्यमंत्री की ओर से लिखे गए बेहद गोपनीय पत्र को मीडिया को लीक किए जाने की उच्च स्तरीय जांच की मांग करती है।

 
 
 
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