शुक्रवार, 03 जुलाई, 2015 | 16:29 | IST
 |  Site Image Loading Image Loading
Image Loading    पूर्व रॉ प्रमुख के खुलासे के बाद सरकार पर हमलावर हुई कांग्रेस, PM से की माफी की मांग झारखंड: मेदिनीनगर के हुसैनाबाद में ओझा-गुणी की हत्या हजारीबाग के पदमा में दो गुटों में भिड़ंत, आधा दर्जन घायल गुमला में बाइक के साथ नदी में गिरा सरकारी कर्मी, मौत सर्जरी के बाद हेमामालिनी की हालत ठीक, वसुंधरा राजे ने की मुलाकात झारखंड के चाईबासा में रिश्वत लेते दारोगा रंगे हाथ गिरफ्तार झारखंड: हजारीबाग में पिता ने अबोध बेटी को पटक कर मार डाला जमशेदपुर में स्कूल वाहन चालक हड़ताल पर, अभिभावक परेशान झारखंड: सीएम ने राज्य के सबसे लंबे पुल की आधारशिला रखी यूपी के रायबरेली में सड़क हादसा, 9 लोगों की मौत
दिल्ली गैंगरेप केस में पांचवां आरोपी गिरफ्तार
नई दिल्ली, एजेंसी First Published:21-12-12 01:15 PMLast Updated:21-12-12 02:47 PM
Image Loading

दिल्ली में चलती बस में पैरामेडिकल की छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार के आरोप में पांचवें आरोपी को उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार किया गया है।

दिल्ली पुलिस आयुक्त नीरज कुमार ने टि्वटर पर लिखा कि बलात्कार मामले में पांचवें आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। ब्यौरा देने से पहले उसकी उम्र की पड़ताल की जा रही है। अगर वह नाबालिग हुआ तो कानून के अनुसार उसकी जानकारी गोपनीय रखनी होगी।

इसके साथ ही रविवार को हुई बलात्कार की घटना में पांच व्यक्तियों को गिरफ्तार किया जा चुका है जिसने समूचे देश को झकझोर कर रख दिया। सूत्रों ने बताया कि पांचवें आरोपी को उत्तर प्रदेश में बंदायू से गिरफ्तार किया गया। ऐसी खबरें हैं कि छठे आरोपी को बरेली से गिरफ्तार कर लिया गया है, लेकिन पुलिस ने इसकी अभी पुष्टि नहीं की है।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि गुरुवार को यहां तिहाड़ जेल में एक आरोपी की शिनाख्त परेड (टीआईपी) करायी गयी। पीड़िता के पुरुष मित्र 23 वर्षीय सॉफ्ट इंजीनियर ने उसमें से मुकेश को पहचान लिया। पीड़िता से बलात्कार से पूर्व उसके पुरुष मित्र की पिटाई की गयी थी।

चार आरोपियों में से केवल मुकेश टीआईपी के लिये राजी हुआ था। अन्य आरोपी राम सिंह, पवन और विनय ने टीआईपी कराने से इंकार कर दिया था। अधिकारी के अनुसार मुकेश को पहचान लिया जाना अभियोजन पक्ष के लिये लाभदायक रहेगा क्योंकि इससे उन्हें अन्य आरोपियों पर नकेल कसने में मदद मिलेगी।

पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सबूत मिटाने और हत्या के प्रयास जैसे आरोप लगाये हैं। जांचकर्ताओं ने पहले भारतीय दंड संहिता की धारा 356 (अपहरण), 378 (2)(जी) (सामूहिक बलात्कार), 377 (अप्राकृतिक जुर्म), 394 (लूट के लिये चोट पहुंचाना) और 34 (मिलीभगत) के तहत आरोप लगाये थे।

 
 
 
 
जरूर पढ़ें
क्रिकेट
क्रिकेट स्कोरबोर्ड