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दिल्ली उच्च न्यायालय ने निचली अदालत को सोमवार को निर्देश दिया कि वह कांग्रेस नेता सज्जन कुमार और जगदीश टाइटलर सहित 1984 के सिख विरोधी दंगों के लंबित मामलों का मुकदमा छह माह के भीतर पूरा करे।
मुख्य न्यायाधीश ए पी शाह की अध्यक्षता वाली पीठ ने कहा कि हम निर्देश देते हैं कि मुकदमे को यथाशीघ्र पूरा किया जाए और इसे छह माह में पूरा कर लिया जाए।
दंगा मामलों को सामान्य मामले के तौर पर लेने और इनके लिए वरिष्ठ वकीलों की नियुक्ति नहीं कर संवेदनहीनता के साथ निपटाने के लिए खिंचाई करने के एक सप्ताह के भीतर सीबीआई और दिल्ली सरकार ने गुजरात में गोधरा पश्चात दंगों के मुकदमे की तर्ज पर विशेष लोक अभियोजकों को नियुक्त किया है।
जांच एजेंसी और सरकार ने पीठ को सूचित किया कि उन्होंने लोक अभियोजकों के तौर पर वरिष्ठ अधिवक्ताओं की नियुक्ति कर दी है। गौरतलब है कि सिख विरोधी दंगों में 2700 से अधिक लोगों की हत्या कर दी गयी थी।
मुकदमे की सुनवाई कर रही अदालत में चार लंबित मामले हैं जिनमें से दो सज्जन कुमार और जगदीश टाइटलर से संबंधित हैं।

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