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शेयरधारको ने विप्रो को अलग कंपनी बनाने को दी मंजूरी
नई दिल्ली, एजेंसी First Published:31-12-2012 05:04:59 PMLast Updated:00-00-0000 12:00:00 AM
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विप्रो ने सोमवार को कहा कि कंपनी के गैर-सूचना प्राद्योगिकी कारोबार को एक अलग कंपनी के तहत लाने की योजना को शेयरधारकों ने मंजूरी दे दी। यह अलग इकाई शेयर बाजार में सूचीबद्ध नहीं होगी।

कंपनी ने बंबई शेयर बाजार को बताया शेयरधारकों ने 28 दिसंबर 2012 की बैठक में विप्रो लिमिटेड, अजीम प्रेमजी कस्टोडियल सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड और विप्रो ट्रेड़वर्क्‍स होल्डिंग लिमिटेड की व्यवस्था को मंजूरी दी।

इस घोषणा के बाद विप्रो का शेयर बंबई स्टाक एक्सचेंज में 1.34 फीसदी चढ़कर 396.50 रुपए पर पहुंच गया। सूचना में कहा गया है कि शेयरधारकों की असाधरण आम बैठक में कुल 393 शेयरधारक उपस्थित थे जिसमें से 18 शेयरधारक प्रवर्तकों और प्रवर्तक समूह से थे। कंपनी के कुल दो लाख 35 हजार से कुछ अधिक शेयरधारक हैं।

देश की तीसरी सबसे बड़ी सूचना प्रौद्योगिकी कंपनी ने पिछले महीने ही घोषणा की थी कि वह सूचना प्रौद्योगिकी से इतर अपने दूसरे व्यावसाय जैसे उपभोक्ता देखभाल एवं लाइटिंग को लेकर अलग कंपनी बनायेगी। विप्रो लिमिटेड पूरी तरह सूचना प्रौद्योगिकी कारोबार वाली सूचीबद्ध कंपनी बनी रहेगी।

 
 
 
 
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