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नवंबर में 4.17 फीसदी घटा निर्यात
नई दिल्ली, एजेंसी First Published:11-12-12 07:49 PM
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निर्यात कारोबार में लगातार सातवें माह नवंबर में भी गिरावट बनी रही और वस्तुओं का निर्यात पिछले साल इसी माह की तुलना में 4.17 फीसदी घटकर 22.3 अरब डॉलर रहा।

नवंबर 2011 में 23.2 अरब डॉलर का निर्यात हुआ था। स्थिति को संभालने के लिए सरकार निर्यातकों को नई रियायतें दे सकती है। इस बार नवंबर में आयात 6.35 फीसदी बढ़कर 41.5 अरब डॉलर रहा और इस तरह आलोच्य माह में व्यापार घाटा 19.28 अरब डॉलर तक पहुंच गया।

चालू वित्त वर्ष में अप्रैल से नवंबर की अवधि में देश का निर्यात एक साल पहले इसी अवधि से 5.95 फीसदी घटकर 189.2 अरब डॉलर रहा।

वाणिज्य सचिव एस आर राव ने कहा कि निर्यात घट रहा है पर नवंबर में गिरावट की दर घटी है। इस वर्ष अप्रैल से अक्टूबर की अवधि में निर्यात 6.18 फीसदी घटा था।

राव ने यहां संवाददाताओं से कहा इसमें थोड़ा सुधार हुआ है उम्मीद है कि सरकार अब इस वित्त वर्ष की आखिरी तिमाही में निर्यात को प्रोत्साहित करने के लिए निर्यातकों को नए प्रोत्साहन दे सकती है।

वाणिज्य मंत्री आनंद शर्मा इस सप्ताह के अंत तक इसकी घोषणा कर सकते हैं। राव ने उम्मीद जताई कि अंतिम तिमाही (आगामी जनवरी से मार्च) में निर्यात क्षेत्र का प्रदर्शन सुधरेगा।

वाणिज्य सचिव ने कहा कि कच्चे तेल के आयात में लगातार बढ़ोतरी के कारण चालू वित्त वर्ष में अप्रैल से नवंबर 2012 के दौरान आयात बढ़कर 318.7 अरब डॉलर हो गया। उन्होंने कहा पेट्रोलियम उत्पादों की मांग में बढ़ोतरी मुश्किल पैदा कर रही है।

कच्चे तेल का आयात बहुत अधिक है। यह चिंता का विषय है क्योंकि इससे चालू खाता घाटा प्रभावित हो रहा है। इस बार नवंबर में कच्चे तेल का आयात 16.7 फीसदी बढ़कर 14.5 अरब डॉलर तथा गैर-तेल आयात 1.5 फीसदी बढ़कर 27 अरब डॉलर हो गया।

 
 
 
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