class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

बटाईदार को कब्जा दिलाने के लिए संघर्ष का ऐलान

भूदान, हदबंदी और बटाईदार को जमीन पर कब्जा दिलाने के लिए सूबे के वाम दलों ने संघर्ष का ऐलान कर दिया है। वाम दलों ने बुधवार को यहां महाधरना में13 फरवरी को सभी जिलों में जुलूस और प्रदर्शन आयोजित कर कलेक्ट्रेट का कामकाज ठप करने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया । सैकड़ों कार्यकर्ताओं के नारेबाजी के बीच 12-13 मार्च को मधुबनी में राज्यस्तरीय कन्वेंशन करने का भी निर्णय लिया गया। यह भी तय हुआ कि बंधोपाध्याय आयोग की सिफारिशों को लेकर शीघ्र ही वाम दलों का प्रतिनिधिमंडल राज्यपाल से मिलेगा। महाधरना को वाम समन्वय समिति के संयोजक जलालुद्दीन अंसारी, सीपीआई के राज्य सचिव बद्री नारायण लाल, सीपीएम के राज्य सचिव विजयकांत ठाकुर, ऑल इंडिया फारवर्ड ब्लॉक के राज्य सचिव वकील ठाकुर और आरएसपी के राज्य सचिव महेश प्रसाद सिन्हा ने संबोधित किया।


धरना को संबोधित करने वाले अन्य प्रमुख वक्ताओं में विधायक रामदेव वर्मा, राजेन्द्र प्रसाद सिंह, राम नरेश पाण्डेय, राम विनोद पासवान, एमएलसी वासुदेव सिंह, केदार पाण्डेय, वरीय नेता गणेश शंकर विद्यार्थी, शत्रुघ्न प्रसाद सिंह, यूएन मिश्र, शिवशंकर शर्मा, रामचन्द्र महतो, चक्रधर प्रसाद सिंह, सुबोध राय आदि शामिल थे। वक्ताओं ने कहा कि सरकार की गलत नीति के कारण विषम स्थिति पैदा हो गई है। राज्य सरकार ने नीतियां नहीं बदलीं और उचित कार्रवाई नहीं की तो स्थिति अनियंत्रित हो जाएगी। महंगाई पर नियंत्रण के लिए न राज्य और न ही केन्द्र सरकार कुछ कदम उठा रही हैं।


उन्होंने प्रस्ताव पारित कर मांग की कि सरकार तुरंत अनिवार्य खाद्य वस्तुओं की सट्टाबाजी (कमोडिटी ट्रेडिंग) बन्द करे। अनिवार्य वस्तु कानून को सख्त बनाते हुए जमाखोरों के गोदाम खाली कराये और मुनाफाखोरों को जेल भेजे। सभी एपीएल-बीपीएल परिवारों को अनुदानित दर पर राशन-किरासन मुहैया कराये और दाल, खाद्य तेल, आलू और प्याज को भी अनुदानित राशन में शामिल करे। बाढ़ और सुखाड़ पीड़ित सभी किसान और खेत मजदूरों को क्षतिपूर्ति दे। किसानों को सस्ती दर पर खाद, बीज, डीजल, कृषि उपकरण, पंपिंग सेट आदि की व्यवस्था करे। अधूरी सिंचाई परियोजनाएं और बन्द पड़े सरकारी नलकूप तुरंत चालू कराये।

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:बटाईदार को कब्जा दिलाने के लिए संघर्ष का ऐलान