class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

जिंदगी की दौड़ में कहीं स्वास्थ्य को तो नहीं भूले

कहा जाता है कि स्वस्थ शरीर में ही एक स्वस्थ दिमाग बसता है। अगर आप स्वस्थ नहीं हैं तो आपकी मनःस्थिति ऐसी हो जाती है कि आपका किसी भी काम में मन नहीं लगता, खुशियों के बीच भी गम दखल देते हैं। लेकिन स्वस्थ होने का मतलब सिर्फ यही नहीं है कि आपको खांसी, जुकाम, बुखार या कोई गंभीर बीमारी नहीं है। बल्कि स्वस्थ होना इनसे कहीं आगे की बात है। हमारी शहरी जीवनशैली ही ऐसी हो जाती है कि हम स्वास्थ्य की तरफ ध्यान ही नहीं दे पाते। देर रात जगना और सुबह देर तक सोना, इसके बीच खाने-पीने का समय तय न होना धीरे-धीरे हमें बीमार करते चले जाते हैं। क्योंकि इनकी गति बहुत धीमी होती है इसलिए हम इन्हें समझ नहीं पाते।

 

जीना तो हमें इसी परिवेश में है और इससे भागने का मतलब होगा अपने कॅरियर को बीच मझधार में छोड़ देना। ये तो हम और आप कोई नहीं कर सकता इसलिए अपनी इसी व्यस्त जिंदगी के बीच हमें अपने शरीर को स्वस्थ रखने के लिए समय निकालना होगा। शरीर को स्वस्थ कैसे रखा जाए ये तो आप भी जानते ही हैं लेकिन उसके लिए किसी न किसी कारणवश वक्त नहीं निकाल पाते। ...तो जनाब सुबह आप जिस बस स्टैंड से ऑफिस जाने के लिए बस पकड़ते हैं कभी उससे आगे वाले स्टैंड से बस पकड़िए और इतने में आपकी मॉर्निंग वॉक हो जाएगी। सुबह की चाय पीने से पहले योगासन में बैठकर पांच मिनट के लिए आंखें बंद कर ओऊम का जाप कर लें। सुबह उठते ही छत पर जाकर सूर्य नमस्कार करके न सिर्फ पेट की बीमारियों को दूर रखा जा सकता है बल्कि आपकी मांसपेशिया भी काम के लिए तैयार हो जाती हैं। जिम जाने का मौका नहीं मिलता तो घर पर ही कुछ सामान लाकर नहाने से पहले पानी गरम होने तक या शाम को ऑफिस से आने पर चाय बनने तक पांच मिनट की एक्सर्साइज आपको स्वस्थ रखेगी। याद है कैसे दादी मा बचपन में छोटी-मोटी बीमारियों घरेलू नुस्खों से मात दे देती थी, आज तो दादी मां के नुस्खों की किताबें छप चुकी हैं।

 

स्वस्थ रहने के लिए आप कभी न कभी कुछ न कुछ तो जरूर करते होंगे आखिर वो कौन सा व्यायाम है जो किसी खास परेशानी में आपके लिए उपयोगी साबित हुआ। वो कौन सा घरेलू नुस्खा है जिसने आपको बिस्तर पकड़ने से पहले ही चंगा कर दिया? कहते हैं कि इलाज से बेहतर बचाव होता है, तो बचाव के जो भी तरीके आप जानते हैं उन्हें हमारे साथ बांटिए और हम दुनिया को आपके अनुभव से लाभ लेने में मदद करेंगे। क्यों बाटेंगे न आप अपने अनुभव!

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:जिंदगी की दौड़ में कहीं स्वास्थ्य को तो नहीं भूले