class="fa fa-bell">ब्रेकिंग:

वित्त रहित संस्थानों की जांच पूरी

मानव संसाधन विकास विभाग ने महीने भर का जांच काम निपटा दिया है। वित्तरहित शिक्षा नीति के तहत संचालित राज्य के करीब 1400 संस्थानों ने सरकार की घोषणा के अनुरूप ग्रांट के लिए आवेदन दिया था। रिजल्ट के मुताबिक ग्रांट के लिए आए इन आवेदनों की जांच के लिए 4 नवम्बर से 4 दिसम्बर तक का शिडय़ूल जारी किया गया था। एचआरडी ने आरंभ में जिला शिक्षा पदाधिकारियों से स्पॉड वेरिफिकेशन के साथ दावों की जांच का निर्णय लिया था पर इसमें काफी देर होने की वजह से मुख्यालय स्तर पर कमिटी गठित कर जांच कार्य पूरा किया गया।
विभागीय सूत्रों से मिली खबर के मुताबिक सभी जिलों के वित्तरहित संस्थानों की जांच हो गयी। जिन्होंने वांटिंग कागजात जमा नहीं किए हैं

उनके लिए भी कैलेंडर जारी कर दिया गया है। 7 से 11 दिसम्बर तक का समय इनके लिए तय किया गया है। विश्वविद्यालय या जिलावार जिनका जिन वित्तरहित डिग्री कालेज या विद्यालय के कागजात जिला शिक्षा पदाधिकारी व एसडीओ ने बाद में भेजा है, उनके आवेदनों की जांच का शिडय़ूल बाद में तय किया जाएगा। हालांकि विभाग ने लक्ष्य निर्धारित कर रखा है। विभाग के मुताबिक देर से दस्तावेज पहुंचने वाले संस्थानों की तादाद 100 से अधिक नहीं है। उम्मीद है कि आवेदन करने वाले सभी वित्तरहित संस्थानों के कागजातों की जांच 15 दिसम्बर से पहले पूर्ण कर लिए जाएंगे। एक माह की इस जांच काम को जहां उप निदेशक स्तर पर गठित कमिटी ने अंजाम दिया वहीं अब विवादित या लम्बित मामलों की जांच के लिए निदेशक की अध्यक्षता में उच्चस्तरीय कमेटी गठित की गई है। विभाग के मुताबिक पहले सभी दावों की पूरी सत्यता परख ली जाएगी उसके बाद ही ग्रांट पर विचार होगा।

 

 

  • Hindi Newsसे जुडी अन्य ख़बरों की जानकारी के लिए हमें पर ज्वाइन करें और पर फॉलो करें
  • Web Title:वित्त रहित संस्थानों की जांच पूरी