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बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक

हाल में केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने पर्यावरण मंत्रालय को एक प्रस्ताव भेज है जिसमें कहा गया है कि आम खरीदारी के दौरान इस्तेमाल किए जाने वाले प्लास्टिक बैगों की बजाय अब बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक बैग्स का इस्तेमाल किया जाना चाहिए। बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक आम प्लास्टिक थलियों से विपरीत आसानी से नष्ट किए जा सकते हैं।

विधि : प्लास्टिक पेट्रोलियम से बनाया जाता है। आमतौर पर इस्तेमाल किया जाने वाले प्लास्टिक के मॉलीक्यूल्स बहुत मजबूत होते हैं, इसलिए वह प्लास्टिक प्रकृति में नष्ट नहीं होता। जबकि बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक ऐसे तत्वों से निर्मित होता है जिस कारण यह प्रकृति में आसानी से विलीन हो सकता है।

फायदे और नुकसान : अमेरिका स्थित एएसटीएम इंटरनेशनल बायोडिग्रेडेबल संस्था प्लास्टिक थलों के निर्माण के बारे में अनेक मानकों को मानती है। इनके बावजूद बायोडिग्रेडेबल थलों के इस्तेमाल से भी कार्बन डाइऑक्साइड उत्सजर्न में पूरी सफलता नहीं मिलती है क्योंकि इन्हें विशेष सुविधाओं वाले निर्माण केंद्रों में ही बनाया जा सकता है। लिहाज, यह एक महंगी प्रक्रिया है।

इसे दो तरीकों से बनाया जाता है। सामान्य प्लास्टिक में ऐसे तत्वों को मिलाया जाए कि वह आसानी से नष्ट हो सके या फिर इन्हें अन्य जविक पदार्थो की मदद से बनाया जाए। इस क्रिया में आलू, चावल से मिलने वाले स्टार्च का इस्तेमाल होता है। इन सब के बावजूद विशेषज्ञों को आशंका है कि इसकी निर्माण प्रक्रिया में इस्तेमाल होने वाले तत्वों से कहीं खाद्य आपूर्ति पर तो असर नहीं पड़ेगा।

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  • Web Title:बायोडिग्रेडेबल प्लास्टिक